बिहार में शराबबंदी: सफलता या चुनौती? जनता पर मिला-जुला असर
Bihar में लागू शराबबंदी कानून को कई साल हो चुके हैं, लेकिन इसकी सफलता पर बहस जारी है। सरकार का दावा है कि शराबबंदी से घरेलू हिंसा और सड़क हादसों में कमी आई है तथा परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है। खासकर ग्रामीण इलाकों में महिलाओं ने इसे सकारात्मक कदम बताया है।
हालांकि, दूसरी ओर अवैध शराब की तस्करी और जहरीली शराब से मौतों की घटनाएं चिंता का विषय बनी हुई हैं। कई विशेषज्ञों का मानना है कि कड़ी निगरानी और वैकल्पिक रोजगार के बिना पूर्ण सफलता मुश्किल है।
आर्थिक दृष्टि से राज्य को कर राजस्व में नुकसान हुआ, लेकिन सरकार सामाजिक लाभ को ज्यादा महत्वपूर्ण बता रही है। कुल मिलाकर, शराबबंदी का असर मिश्रित है—कुछ सामाजिक सुधार दिखे हैं, पर चुनौतियां अब भी बरकरार हैं।