logo
AIMA MEDIA
logo
logo
India Uttar Pradesh (UP) Madhya Pradesh (MP) Rajasthan (RJ) Bihar (BR) Punjab (PB) Haryana (HR) More
Slide 1
Chief Guest Additional Director General of Police Meerut Zone Shri DK THAKUR was honoured by AIMA President Mahesh Sharma, Meerut Cantt MLA Shri Amit Agarwal and others in a programme organised by AIMA on the auspicious occasion of HINDI PATRKARITA DIVAS.
Slide 1
Chief Guest Additional Director General of Police Meerut Zone Shri DK Thakur addressing on the role of social media in the present era.
Slide 1
Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA), special guest, inaugurator was honoured by presenting memento by ADG Meerut Zone Shri DK Thakur, AIMA President Shri Mahesh Sharma, District President Shri Charan Singh Swami and others.
Slide 1
Shri Ravi Prakash Tiwari (Editor-in-Charge - Dainik Jagran, Meerut) was honored by presenting a memento by ADG Meerut Zone Shri DK Thakur, Meerut Cantonment MLA Shri Amit Agarwal, AIMA President Shri Mahesh Sharma and others.
Slide 1
Shri Rajendra Singh (Information Commissioner and former editor Amar Ujala) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and AIMA President Shri Mahesh Sharma and others.
Slide 1
Shri Pushpendra Sharma (former editor Hindustan) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Shri Ramkumar Sharma (senior advocate and patron AIMA) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Shri Rajesh Sharma (senior journalist, Editor- Save India Foundation) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Shri Arun Jindal (Vibhag Sampark Pramukh RSS) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Slide 1
Shri Surendra Sharma (Retd. Suchna Adhikari) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Shri Gyan Dixit (Sr. photo journalist and Dada Saheb Falke Film Awardy ) was honored by presenting a memento by Shri DK Thakur (ADG Meerut Zone), Shri Amit Agarwal (Meerut Cantonment MLA) and Shri Mahesh Sharma (AIMA President) and others.
Slide 1
Slide 1
Slide 1
त्योहारों व परीक्षाओं के मद्देनजर बदायूं में 30 मई तक धारा 163 लागू, प्रशासन अलर्ट त्योहारों व परीक्षाओं के मद्देनजर बदायूं में 30 मई तक धारा 163 लागू, प्रशासन अलर्ट

बदायूं। जनपद में आगामी त्योहारों एवं विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं को सकुशल, शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए 30 मार्च से 30 मई 2026 तक भारतीय न्याय संहिता-2023 की धारा 163 लागू कर दी है। यह जानकारी अपर जिला मजिस्ट्रेट (प्रशासन) अरुण कुमार ने दी। उन्होंने बताया कि इस अवधि में महावीर जयंती, गुड फ्राइडे, डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती, बुद्ध पूर्णिमा, ईद-उल-अजहा (बकरीद), महर्षि कश्यप जयंती, महाराजा निषाद राज गुह्य जयंती, चंद्रशेखर जयंती और परशुराम जयंती जैसे प्रमुख पर्व मनाए जाएंगे। इसके साथ ही विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाएं भी आयोजित होनी हैं, जिनको लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि धारा 163 लागू रहने के दौरान बिना अनुमति के किसी भी प्रकार की भीड़ एकत्रित करना, जुलूस निकालना या ऐसा कोई कार्य करना जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित हो, प्रतिबंधित रहेगा। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि अपने-अपने क्षेत्रों में सतर्कता बनाए रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई करें। एडीएम ने आमजन से अपील की है कि वे शासन-प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें। आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता-2023 की धारा 223 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। संवाद
Read More
0
0 Views 0 Shares 0 Comments
नेपाल में इस समय भारी राजनीतिक बदलाव चल रहे हैं। नेपाल में इस समय भारी राजनीतिक बदलाव चल रहे हैं।
नेपाल में इस समय भारी राजनीतिक बदलाव चल रहे हैं। मार्च 2026 के अंत में हुई उथल-पुथल के बाद, बलेंद्र शाह (बालेन शाह) ने 27 मार्च 2026 को नेपाल के 40वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली है। उनकी सरकार को 'Gen Z सरकार' कहा जा रहा है क्योंकि इसमें युवा मंत्रियों की प्रधानता है।

यहाँ नेपाल सरकार से जुड़ी प्रमुख और नवीनतम खबरें दी गई हैं:
1. पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली की गिरफ्तारी.
प्रधानमंत्री बनते ही बालेन शाह सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है। पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह गिरफ्तारी मुख्य रूप से 'Gen Z आंदोलन' के दौरान हुई हिंसा और छात्रों की मौत के मामले में जवाबदेही तय करने के लिए की गई है।

2. 'Gen Z' आंदोलन के पीड़ितों के लिए बड़ा ऐलान.
सरकार ने 'Gen Z' आंदोलन के दौरान मारे गए 27 छात्रों के परिवारों को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। प्रधानमंत्री ने इसे न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है।

3. सुशासन के लिए '100 सूत्रीय कार्ययोजना' (100-Day Plan).
नई कैबिनेट ने देश में व्यवस्था सुधार के लिए 100 बिंदुओं वाला एक सुधार एजेंडा जारी किया है। इसके मुख्य आकर्षण निम्नलिखित हैं:
संपत्ति की जांच: 1990 से 2026 तक सार्वजनिक पदों पर रहे सभी नेताओं और अधिकारियों की संपत्ति की जांच की जाएगी। इसके लिए अगले 15 दिनों में एक शक्तिशाली समिति बनाई जाएगी।
छात्र राजनीति पर प्रतिबंध: शिक्षा में सुधार के उद्देश्य से स्कूलों और कॉलेजों में राजनीतिक गतिविधियों पर कड़ा रुख अपनाया जा रहा है।
मंत्रालयों में कटौती: प्रशासनिक खर्च कम करने के लिए मंत्रालयों की संख्या कम करने की योजना है।

4. भारत के साथ संबंध.
प्रधानमंत्री बालेन शाह ने पदभार ग्रहण करने के बाद भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संदेश भेजकर भारत के साथ मिलकर काम करने की इच्छा जताई है।

#badaunharpalnews #budaunharpal #badaunharpal #budaun #badaun #ujhani #UttarPradeshNews #badaunnews #noida #nepal #balendrashah #nepali #nepalreels बदायूँ हर पल न्यूज़ Balen @badaunharpalnews
Read More
1
0 Views 0 Shares 0 Comments
​रावेर तालुक्यात वादळी वाऱ्यासह अवकाळी पावसाची हजेरी; केळी बागांना फटका ​रावेर तालुक्यात वादळी वाऱ्यासह अवकाळी पावसाची हजेरी; केळी बागांना फटका
रावेर तालुक्यात वादळी वाऱ्यासह अवकाळी पावसाची हजेरी; केळी बागांना फटका
​रावेर (प्रतिनिधी):
जळगाव जिल्ह्यातील रावेर तालुक्यात काल सायंकाळच्या सुमारास हवामानात अचानक बदल होऊन जोरदार वादळी वाऱ्यासह पावसाने हजेरी लावली. या अवकाळी पावसामुळे नागरिकांना उकाड्यापासून काहीसा दिलासा मिळाला असला, तरी तालुक्यातील मुख्य पीक असलेल्या केळी बागांचे मोठ्या प्रमाणावर नुकसान झाले आहे.
​प्रमुख ठळक मुद्दे:
​हवामानाचा लहरीपणा: दुपारपर्यंत कडाक्याचे ऊन असताना सायंकाळी अचानक आकाशात ढग जमा झाले आणि सोसाट्याच्या वाऱ्यासह पावसाला सुरुवात झाली.
​केळी पिकाचे नुकसान: रावेर, निंभोरा, विवरे आणि खिरोदा परिसरातील अनेक भागांत सोसाट्याच्या वाऱ्यामुळे केळीची झाडे उन्मळून पडली आहेत. काढणीवर आलेल्या केळीच्या बागांचे नुकसान झाल्याने शेतकरी हवालदिल झाला आहे.
​वीज पुरवठा खंडित: वादळामुळे काही ठिकाणी झाडांच्या फांद्या वीजवाहिन्यांवर पडल्याने अनेक गावांचा वीज पुरवठा रात्री उशिरापर्यंत खंडित झाला होता.
​शेतकऱ्यांची मागणी
​तालुक्यात झालेल्या या नैसर्गिक आपत्तीमुळे झालेल्या नुकसानीचे शासनाने तात्काळ पंचनामे करावेत आणि बाधीत शेतकऱ्यांना योग्य ती मदत जाहीर करावी, अशी मागणी आता जोर धरत आहे.
​हवामान अंदाज: येत्या २४ तासांत जिल्ह्याच्या काही भागात पुन्हा पावसाची शक्यता वर्तवण्यात आली असून, शेतकऱ्यांनी आपल्या शेतीमालाची सुरक्षित साठवणूक करावी, असे आवाहन कृषी विभागाने केले आहे.
Read More
0
4 Views 0 Shares 0 Comments
अप्रैल से पेट्रोल के निर्यात पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध अप्रैल से पेट्रोल के निर्यात पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध

मास्को: वैश्विक ऊर्जा बाजार में एक बड़ा उलटफेर करते हुए, रूस ने आगामी 1 अप्रैल, 2026 से पेट्रोल (गैसोलीन) के निर्यात पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है। यह प्रतिबंध कम से कम 31 जुलाई तक प्रभावी रहेगा। रूसी सरकार के इस कड़े कदम का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन की आपूर्ति और कीमतों पर पड़ने की संभावना है।
घरेलू मांग को प्राथमिकता
रूसी सरकार के अनुसार, इस निर्णय का मुख्य उद्देश्य देश के भीतर ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित करना है। रूस के उप प्रधानमंत्री अलेक्जेंडर नोवाक ने तेल कंपनियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक के बाद यह आदेश जारी किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि रूसी ड्राइवरों, किसानों और स्थानीय कारखानों को पर्याप्त ईंधन मिले, यह सरकार की पहली प्राथमिकता है।
बढ़ती कीमतों और युद्ध का प्रभाव
गौरतलब है कि पिछले कुछ समय से रूस के घरेलू बाजार में पेट्रोल की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि जारी युद्ध और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण तेल शोधन और आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित हुई है। स्थानीय बाजार में महंगाई को नियंत्रित करने और खेती के सीजन (Sowing Season) में किसानों को राहत देने के लिए निर्यात रोकना आवश्यक हो गया था।
प्रमुख बिंदु:
प्रभावी तिथि: 1 अप्रैल, 2026 से 31 जुलाई तक।
उद्देश्य: घरेलू खपत के लिए पर्याप्त स्टॉक बनाए रखना और बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाना।
प्रभाव: इस प्रतिबंध से उन देशों में ईंधन संकट बढ़ सकता है जो रूसी पेट्रोल पर निर्भर हैं।
Read More
0
0 Views 0 Shares 0 Comments