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नागपुर: अपनी मांगों को लेकर हुंकार भरने वाले महाराष्ट्र के सरकारी कर्मचारियों की एकजुटता में आज बड़ी दरार आ गई है। मंगलवार, 21 अप्रैल से पुरानी पेंशन योजना (OPS) सहित 18 सूत्रीय मांगों के लिए शुरू हुई बेमुदत हड़ताल अब दोफाड़ होती नजर आ रही है। जहाँ एक ओर राज्य कर्मचारी संगठन आर-पार की लड़ाई के मूड में हैं, वहीं दूसरी ओर जिला परिषद के साढ़े तीन लाख कर्मचारियों ने इस आंदोलन से हाथ खींच लिए हैं।
​हड़ताल की प्रमुख मांगें: आखिर क्यों छिड़ी है जंग?
​राज्य कर्मचारी संगठन ने सरकार के सामने 18 मांगों का पुलिंदा रखा है, जिनमें प्रमुख हैं:
​पुरानी पेंशन योजना (OPS) को तुरंत लागू करना।
​सभी रिक्त पदों पर तत्काल भर्ती।
​संविदा (Contractual) कर्मचारियों को नियमित करना।
​सेवानिवृत्ति (Retirement) की उम्र बढ़ाकर 60 वर्ष करना।​लिपिक संवर्ग की वेतन विसंगतियों को दूर करना।
​शिक्षकों के लिए 10, 20, 30 वर्ष की 'आश्वासित प्रगति योजना' लागू करना।
​क्यों पड़ी फूट? जिला परिषद कर्मचारियों का बड़ा विद्रोह
​इस हड़ताल के बीच सबसे चौंकाने वाली खबर नागपुर और पूरे राज्य के जिला परिषद (ZP) कर्मचारियों की तरफ से आई है। राज्य के करीब 3.5 लाख और नागपुर के 8,500 जिला परिषद कर्मचारियों ने खुद को इस हड़ताल से अलग कर लिया है।
​विरोध का मुख्य कारण:
जिला परिषद संगठनों का आरोप है कि राज्य कर्मचारी संगठन ने हड़ताल की घोषणा करते समय उनके हितों और मांगों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया। उनका कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में काम करने वाले 17 अलग-अलग संवर्गों की समस्याओं पर कभी प्रभावी चर्चा ही नहीं की गई।
​"जब हमारी मांगों को चार्टर में शामिल ही नहीं किया गया, तो हम हड़ताल में क्यों शामिल हों?" > — गोपीचंद कातुरे व अन्य पदाधिकारी, जिला परिषद कर्मचारी महासंघ
​आंदोलन पर संकट के बादल
​दशकों से कंधे से कंधा मिलाकर लड़ने वाले संगठनों में समन्वय (Coordination) का यह अभाव अब सरकार के लिए राहत और आंदोलनकारियों के लिए चिंता का विषय बन गया है। कास्ट्राईब और जिला परिषद महासंघ के पदाधिकारियों के आह्वान के बाद अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या राज्य कर्मचारी संगठन अकेले दम पर सरकार को झुका पाता है या फूट की यह चिंगारी पूरे आंदोलन को ठंडा कर देगी।

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सहारनपुर/देवबंद: प्रखर राजनीतिज्ञ, पूर्व सांसद एवं उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व कैबिनेट मंत्री जगदीश सिंह राणा जी की पुण्यतिथि के अवसर पर क्षेत्रवासियों एवं गणमान्य लोगों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि स्वर्गीय राणा जी का जीवन जनसेवा, सामाजिक समर्पण और विकास के कार्यों के लिए सदैव याद किया जाएगा। उन्होंने अपने कार्यकाल में क्षेत्र के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण योगदान दिए, जिन्हें कभी भुलाया नहीं जा सकता।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और ईश्वर से उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
🙏 ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे।

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ਜਲਾਲਾਬਾਦ ’ਚ ਪੁਲਸ ਦੀ ਵੱਡੀ ਕਾਰਵਾਈ: 2 ਨਸ਼ਾ ਤਸਕਰ ਕਾਬੂ, ਪਿਸਟਲ ਤੇ 200 ਨਸ਼ੀਲੀਆਂ ਗੋਲੀਆਂ ਬਰਾਮਦ
ਜਲਾਲਾਬਾਦ (ਜਸਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ): ਸਬ-ਡਵੀਜ਼ਨ ਜਲਾਲਾਬਾਦ ਵਿੱਚ ਸਮਾਜ ਵਿਰੋਧੀ ਅਨਸਰਾਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਚਲ ਰਹੀ ਮੁਹਿੰਮ ਤਹਿਤ ਪੁਲਸ ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕਾਮਯਾਬੀ ਮਿਲੀ ਹੈ। ਡੀ.ਐੱਸ.ਪੀ. ਗੁਰਸੇਵਕ ਸਿੰਘ ਬਰਾੜ ਦੇ ਦਿਸ਼ਾ-ਨਿਰਦੇਸ਼ਾਂ ਅਨੁਸਾਰ ਥਾਣਾ ਸਿਟੀ ਜਲਾਲਾਬਾਦ ਦੀ ਪੁਲਸ ਨੇ ਦੋ ਨਸ਼ਾ ਤਸਕਰਾਂ ਨੂੰ ਗ੍ਰਿਫ਼ਤਾਰ ਕੀਤਾ ਹੈ।
ਜਾਂਚ ਅਧਿਕਾਰੀ ਬਲਜੀਤ ਸਿੰਘ ਮੁਤਾਬਕ ਪੁਲਸ ਪਾਰਟੀ ਡਰੀਮ ਵਿਲਾ ਪੈਲੇਸ ਤੋਂ ਪਿੰਡ ਹਿਸਾਨ ਵਾਲਾ ਵੱਲ ਨਹਿਰ ਦੇ ਨਾਲ ਗਸ਼ਤ ਕਰ ਰਹੀ ਸੀ। ਇਸ ਦੌਰਾਨ ਸੂਆ ਨਹਿਰ ਨੇੜੇ ਇਕ ਖੰਡਰ ਨੁਮਾ ਕਮਰੇ ਕੋਲ ਦੋ ਸ਼ੱਕੀ ਨੌਜਵਾਨ ਖੜ੍ਹੇ ਨਜ਼ਰ ਆਏ। ਪੁਲਸ ਨੂੰ ਵੇਖਦੇ ਹੀ ਉਹ ਭੱਜਣ ਦੀ ਕੋਸ਼ਿਸ਼ ਕਰਨ ਲੱਗੇ, ਪਰ ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਨੇ ਫੌਰੀ ਕਾਰਵਾਈ ਕਰਦਿਆਂ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਕਾਬੂ ਕਰ ਲਿਆ।
ਤਲਾਸ਼ੀ ਦੌਰਾਨ ਦੋਵਾਂ ਦੇ ਕਬਜ਼ੇ ’ਚੋਂ 200 ਨਸ਼ੀਲੀਆਂ ਗੋਲੀਆਂ, ਇੱਕ ਦੇਸੀ ਪਿਸਟਲ ਅਤੇ ਇੱਕ ਜ਼ਿੰਦਾ ਕਾਰਤੂਸ ਬਰਾਮਦ ਕੀਤਾ ਗਿਆ। ਮੁਲਜ਼ਮਾਂ ਦੀ ਪਛਾਣ ਗੁਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਉਰਫ਼ ਸ਼ਿਵਮ ਵਾਸੀ ਲੱਲਾ ਬਸਤੀ ਅਤੇ ਅਰਸ਼ਦੀਪ ਸਿੰਘ ਵਾਸੀ ਮੁਹੱਲਾ ਰਾਜਪੂਤਾਂ ਵਾਲਾ ਵਜੋਂ ਹੋਈ ਹੈ।
ਪੁਲਸ ਵੱਲੋਂ ਦੋਵਾਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਮਾਮਲਾ ਦਰਜ ਕਰ ਲਿਆ ਗਿਆ ਹੈ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਅਦਾਲਤ ਵਿੱਚ ਪੇਸ਼ ਕਰਕੇ ਰਿਮਾਂਡ ਹਾਸਲ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇਗਾ। ਪੁੱਛਗਿੱਛ ਦੌਰਾਨ ਇਹ ਪਤਾ ਲਗਾਇਆ ਜਾਵੇਗਾ ਕਿ ਨਾਜਾਇਜ਼ ਹਥਿਆਰ ਅਤੇ ਨਸ਼ਾ ਕਿੱਥੋਂ ਲਿਆਂਦਾ ਗਿਆ ਸੀ ਅਤੇ ਇਸ ਗਿਰੋਹ ਨਾਲ ਹੋਰ ਕੌਣ-ਕੌਣ ਜੁੜਿਆ ਹੋਇਆ ਹੈ।
ਪੁਲਸ ਦਾ ਕਹਿਣਾ ਹੈ ਕਿ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਦਿਨਾਂ ਵਿੱਚ ਇਸ ਮਾਮਲੇ ਨਾਲ ਸੰਬੰਧਿਤ ਹੋਰ ਗ੍ਰਿਫ਼ਤਾਰੀਆਂ ਵੀ ਹੋ ਸਕਦੀਆਂ

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अधिकमास नगर परिक्रमा की नवीन कार्यकारिणी के कच्छवाह अध्यक्ष, टवानी सचिव एवं सोनी कोषाध्यक्ष निर्वाचित।

पाली अधिकमास नगर परिक्रमा की महत्वपूर्ण बैठक कार्यालय कथा व्यास की गली में संरक्षक पंडित शम्भूलाल शर्मा अध्यक्ष प्रदीप कच्छवाह के नेतृत्व में आयोजित हुई । सर्वसम्मति से संस्थान की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। जिसमें मुख्य संयोजक पं. शभूलाल शर्मा, सचिव कैलाश टवानी, कोषाध्यक्ष शातिलाल मंडोरा, कार्यालय सचिव हीरालाल व्यास, संरक्षक संत सुरजनदास महाराज, सोनाराम पटेल, मदन राठौड़, भीमराज भाटी, परामर्षदाता जोराराम पटेल, भंवर चौधरी, धनराज कारगवाल, रामरतन बजाज, वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामगोपाल खेतावत, विजयराज सोनी, अंबालाल सोलंकी, देवीलाल सांखला, सुरेष काबरा, उपाध्यक्ष दिलीप जोशी , नरेन्द्र माच्छर, नरेन्द्रसिंह राजपुरोहित, महेन्द्र बजाज, श्याम अरोड़ा चुने गए।

इसी तरह 2026 नगर परिक्रमा के ध्वज प्रमुख गिरीराज अरोड़ा, भोजनशाला स्टोर इंचार्ज हुक्मीचंद कच्छवाहा, कार्यालय सह सचिव पीयूष शर्मा, भजन संध्या प्रमुख राकेश लिम्बा व नेमीचंद देवड़ा, संयुक्त सचिव अरविंद गुप्ता, भोजन कुपन प्रमुख इंचार्ज नवरतन गर्ग व राजेश बिंदल विष्णु गुप्ता प्रचार हेतु सुनील लोहिया दिनेश हेड़ा को नियुक्त किया गया।

प्रवक्ता राकेश लिम्बा ने बताया कि बैठक में पिछली बार की अधिकमास नगर परिक्रमा के आय-व्यय का लेखा जोखा कोषाध्यक्ष कैलाश टवानी द्वारा प्रस्तुत किया गया जिसकी अनुमोदना सभी पदाधिकारियों ने की। टवाणी पिछले 28 वर्षो से कोषाध्यक्ष का भार पूर्ण निष्ठा एवं जिम्मेदारी से देख रहे थे! उन्होंने नव निर्वाचित कोषाध्यक्ष शातिलाल सोनी को कार्यभार सुपूर्द कर इस परिक्रमा में उनके साथ रहकर कार्य करने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर मुख्य संयोजक पंडित शंभुलाल शर्मा, अध्यक्ष प्रदीप कच्छवाह ने कहां की सस्था की स्थापना को 50 वा गोल्डन जुबली वर्ष होने के कारण नगर परिक्रमा को ऐतिहासिक बनाने के लिए तन-मन- धन से सहयोग देने और अभी से तैयारी में जुट जाने का आह्वान किया। सचिव टवानी ने अपने सम्बोधन में कहां की इस बार ऐतिहासिक परिक्रमा निकाली जाएगी । संस्था का रजिस्ट्रेशन पाली अधिकमास धरमार्थ सेवा संस्थान के नाम से करवाकर इसी बेनर तले इस बार की यह 18 वी परिक्रमा आयोजित होगी। ज्ञातव्य रहे की हर 3 साल मे एक बार अधिकमास आता है । हिन्दू धर्म और शास्त्रों अनुसार अधिकमास के समय जितना हो सके दान पूर्ण करके लाभ लेने का विधान है इसका फल दानदाता को अगले जन्म मे प्राप्त होता है। सभी भक्तगणो से तन मन धन से इस अवसर का लाभ उठाने का आह्वान किया गया। अधिकमास नगर परिक्रमा की तारीख का मुहूर्त पंडित शम्भूलाल द्रारा निकाल कर सभी को अवगत कराया जायेगा ।
रिपोर्ट - घेवरचन्द आर्य पाली

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नासिक के TCS बीपीओ में धर्मांतरण और प्रताड़ना का जो खेल चल रहा था, उसकी परतें अब रोंगटे खड़े करने वाले खुलासों के साथ खुल रही हैं। एक पीड़ित कर्मचारी की आपबीती इस पूरे सिंडिकेट के खौफनाक चेहरे को बेनकाब करती है, जहां टीम लीडर के ओहदे का इस्तेमाल काम के लिए नहीं, बल्कि मजहबी एजेंडा थोपने के लिए किया जा रहा था। साल 2022 से शुरू हुआ यह सिलसिला तौसीफ अत्तार और दानिश शेख जैसे नामों के इर्द-गिर्द घूमता है, जिन्होंने दफ्तर को टॉर्चर रूम में तब्दील कर दिया था।

पीड़ित का आरोप है कि ये लोग न केवल हिंदू देवी-देवताओं पर अश्लील और अपमानजनक टिप्पणियां करते थे, बल्कि महाराष्ट्र के गौरवशाली इतिहास को भी तोड़-मरोड़ कर पेश करते थे। प्रताड़ना का तरीका बेहद शातिर था; देर रात तक काम के बहाने होटल ले जाकर जबरन मांसाहार खिलाना और मना करने पर आस्था का मजाक उड़ाना इनका रोज का काम था। हद तो तब हो गई जब पीड़ित के पिता को लकवा लगा, तो सहानुभूति दिखाने के बजाय इन लोगों ने उसकी मजबूरी का फायदा उठाना चाहा। दावा किया गया कि अगर वह धर्म बदल ले, तो उसके पिता ठीक हो जाएंगे। जब पीड़ित ने इस मानसिक दबाव के आगे झुकने से इनकार किया, तो उसके करियर को बर्बाद करने की नीयत से उसकी वर्क रिपोर्ट्स खराब की जाने लगीं।

ऑफिस के भीतर का माहौल इतना जहरीला था कि महिला कर्मचारी भी इनके भद्दे कमेंट्स और 'वर्जिनिटी' जैसे अश्लील हमलों से सुरक्षित नहीं थीं। हदें तब पार हुईं जब पीड़ित की निजी जिंदगी पर हमला करते हुए उसकी पत्नी को लेकर तौसीफ ने ऐसी घिनौनी बात कही कि दफ्तर में हाथापाई की नौबत आ गई। गुस्से में टेबल फैन फेंककर जान से मारने की धमकी दी गई, लेकिन हैरानी की बात यह है कि एचआर को शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

इस पूरे काले साम्राज्य का अंत फरवरी 2026 में तब शुरू हुआ जब एक हिंदू महिला कर्मचारी के रोजे रखने की खबर पर पुलिस अलर्ट हुई। नासिक पुलिस ने किसी फिल्मी मिशन की तरह महिला कांस्टेबलों को हाउसकीपिंग स्टाफ बनाकर दफ्तर के अंदर तैनात किया। इस 'अंडरकवर' जांच ने वो सबूत जुटाए जिन्हें कंपनी का मैनेजमेंट नजरअंदाज कर रहा था। नतीजा यह हुआ कि सात पुरुषों और एक महिला को सलाखों के पीछे भेज दिया गया है, जबकि एक अन्य आरोपी निदा खान की तलाश जारी है। कॉर्पोरेट की आड़ में चल रहा यह धर्मांतरण का 'सॉफ्ट टारगेट' मॉडल अब पुलिस की गिरफ्त में है। #MPKiBaat #tausifdanish #TCS #ReligionConversion #nasik #islam #tcsjihad #NidaKhan

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विधायक राज सिन्हा सहित कई अधिकारियों और गणमान्य लोगों ने नवदंपति को दिया आशीर्वाद

शानदार सजावट और बेहतर व्यवस्थाओं के बीच आयोजन बना शहर में चर्चा का केंद्र
सुनील सिंह ने अतिथियों का जताया आभार, बोले—“जीवन का सबसे यादगार पल”

धनबाद | जय प्रकाश नगर:-धनबाद के जय प्रकाश नगर में सोमवार की रात एक भव्य विवाह समारोह का आयोजन हुआ, जहां ‘राज ट्रेवल्स’ के संचालक सुनील सिंह की सुपुत्री सोनाली और विनोद कुमार सिंह के सुपुत्र आकाश परिणय सूत्र में बंधे। यह आयोजन शहर में चर्चा का केंद्र बन गया।

समारोह में शहर के कई गणमान्य लोग शामिल हुए। विधायक राज सिन्हा ने विशेष रूप से पहुंचकर नवदंपति को सुखी वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं दीं। वहीं खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी डॉ. राजा कुमार समेत कई वरिष्ठ अधिकारियों और समाजसेवियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

जय प्रकाश नगर में आयोजित इस विवाह समारोह में हजारों की संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी, जिससे माहौल किसी बड़े उत्सव जैसा नजर आया। आकर्षक सजावट, भव्य लाइटिंग और बेहतर व्यवस्थाओं ने कार्यक्रम को और खास बना दिया।

इस अवसर पर सुनील सिंह भावुक नजर आए और उन्होंने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए इसे अपने जीवन का सबसे यादगार पल बताया। स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षेत्र में लंबे समय बाद इतना भव्य और सुव्यवस्थित आयोजन देखने को मिला।

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उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। तापमान 40°C के करीब पहुंचने लगा है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों के लिए खतरा बढ़ गया है।
इसी को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा फैसला लेते हुए कई स्कूलों के समय में बदलाव कर दिया है, ताकि बच्चे तेज धूप से सुरक्षित रह सकें।
स्वास्थ्य विभाग ने भी अलर्ट जारी करते हुए लोगों से अपील की है कि— ✔️ दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक बाहर निकलने से बचें
✔️ ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
✔️ बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखें

📍 आपकी आवाज – सत्यपाल चौधरी
👉 “हमारा प्रयास है कि हर जरूरी जानकारी आप तक पहुंचे, ताकि आप और आपका परिवार सुरक्षित रहे।”

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रतलाम शहर में स्वास्थ्य सेवाओं को एक नई दिशा देते हुए राघव न्यूरो ट्रॉमा केयर (RNTC) हॉस्पिटल अब सिर और रीढ़ की गंभीर चोटों के इलाज के लिए एक भरोसेमंद केंद्र बनकर उभर रहा है। यहां अनुभवी न्यूरोसर्जन डॉ. मिलेश नागर के मार्गदर्शन में मरीजों को आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ देखभाल के साथ उपचार प्रदान किया जा रहा है।

हॉस्पिटल में एक्सीडेंट या अन्य दुर्घटनाओं में लगी सिर की गंभीर चोटों के लिए इमरजेंसी ट्रॉमा केयर की सुविधा 24 घंटे उपलब्ध है। इसके अलावा ब्रेन ट्यूमर, ब्रेन हेमरेज और स्ट्रोक जैसी जटिल बीमारियों के लिए उन्नत ब्रेन सर्जरी की सेवाएं भी दी जा रही हैं।

रीढ़ से जुड़ी समस्याओं जैसे स्लिप डिस्क और कमर दर्द के लिए स्पाइन केयर यूनिट में ऑपरेशन और आधुनिक प्रबंधन की सुविधा उपलब्ध है। गंभीर मरीजों के लिए ICU एवं वेंटिलेटर सपोर्ट भी 24x7 सक्रिय रहता है, जिससे समय पर उपचार सुनिश्चित किया जा सके।

हॉस्पिटल में डिजिटल डायग्नोस्टिक्स और आधुनिक लैब सुविधाएं भी मौजूद हैं, जिससे रोगों की सटीक पहचान और त्वरित इलाज संभव हो पाता है।

डॉ. मिलेश नागर ने बताया कि समय पर इलाज मिलने से न्यूरो ट्रॉमा के मरीजों की जान बचाई जा सकती है और उन्हें सामान्य जीवन में वापस लाया जा सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि सिर या रीढ़ की चोट को कभी नजरअंदाज न करें और तुरंत विशेषज्ञ से संपर्क करें।

📍 स्थान: 206, अमृत गार्डन के पास, रतलाम
📞 संपर्क: 9520790752

"त्वरित उपचार, बेहतर जीवन" के उद्देश्य के साथ RNTC हॉस्पिटल क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं का नया मानक स्थापित कर रहा है।

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