अब बिना Farmer ID नहीं मिलेगा खाद!
13 से 15 मई तक पंचायतों में लगेंगे विशेष शिविर, तुरंत करवाएं रजिस्ट्रेशन
अब बिना Farmer ID नहीं मिलेगा खाद!
13 से 15 मई तक पंचायतों में लगेंगे विशेष शिविर, तुरंत करवाएं रजिस्ट्रेशन
जिला पांढुर्णा सहित पूरे मध्यप्रदेश में अब उर्वरक वितरण पूरी तरह डिजिटल व्यवस्था से किया जा रहा है। ऐसे में जिन किसानों की Farmer ID, बकेट क्लेमिंग एवं ई-टोकन प्रक्रिया पूरी नहीं होगी, उन्हें आगामी सीजन में खाद लेने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
मध्यप्रदेश शासन किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग के निर्देश पर 13 से 15 मई तक ग्राम पंचायत स्तर पर विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे, जहां किसानों की Farmer ID बनाने, बकेट क्लेमिंग एवं ई-टोकन बुकिंग का कार्य किया जाएगा।
प्रशासनिक समीक्षा में बड़ा खुलासा हुआ है कि एबीस्टेक पोर्टल पर जिले में किसानों की फार्मर रजिस्ट्री एवं बकेट क्लेमिंग की प्रगति अभी 50 प्रतिशत से भी कम है। यही वजह है कि प्रशासन अब गांव-गांव पहुंचकर विशेष अभियान चला रहा है।
क्यों जरूरी है Farmer ID?
सरकार द्वारा स्पष्ट किया गया है कि अब ई-विकास प्रणाली में Farmer Registry से लिंक भूमि के आधार पर ही फसल अनुसार उर्वरक वितरण किया जाएगा। यानी जिन किसानों का डेटा अपडेट नहीं होगा, उन्हें खाद मिलने में दिक्कत आ सकती है।
शिविरों में होंगे ये काम:
Farmer ID रजिस्ट्रेशन
बकेट क्लेमिंग
ई-टोकन बुकिंग
पोर्टल संबंधी समस्याओं का समाधान
प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे तय तिथि पर अपनी ग्राम पंचायत में पहुंचकर सभी आवश्यक दस्तावेजों के साथ प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि आने वाले खरीफ सीजन में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
समय रहते करवा लें रजिस्ट्रेशन, वरना खाद के लिए भटकना पड़ सकता है
कृषि विभाग द्वारा किसानों को जागरूक करते हुए कहा गया है कि डिजिटल व्यवस्था में देरी करने वाले किसानों को बाद में कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।