मेरठ: नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर संगोष्ठी का आयोजन
मेरठ: राष्ट्रीय राजमार्ग बाईपास स्थित वेंकटेश्वरा संस्थान में ‘‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम विकसित भारत के लिए जरूरी या नहीं’’ विषय पर एकदिवसीय संगोष्ठी संपन्न हुई। इस कार्यक्रम की शुरुआत प्रतिकुलाधिपति डॉ. राजीव त्यागी, कुलपति प्रो. कृष्ण कान्त दवे, शुभम चौधरी, और डॉ. नीतू पंवार ने सरस्वती माँ की प्रतिमा के सामने दीप प्रज्ज्वलित कर की। उपस्थित वक्ताओं ने इस बिल को महिला सशक्तिकरण और विकसित राष्ट्र निर्माण के लिए मील का पत्थर बताते हुए 2029 के चुनाव से पहले इसे लागू कराने पर जोर दिया।
सुधीर गिरि, संस्थापक अध्यक्ष, वेंकटेश्वरा समूह ने कहा कि देश के सर्वोच्च पदों पर मातृशक्ति का आसीन होना इस अधिनियम की आवश्यकता को प्रमाणित करता है। डॉ. राजीव त्यागी ने बताया कि भारत में मातृशक्ति सदियों से पूज्यनीय रही है, परन्तु संविधान में निहित समानता का अधिकार अब तक पूर्ण रूप से लागू नहीं हो पाया है। उन्होंने सामाजिक, आर्थिक, स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्रों में महिलाओं की स्थिति में सुधार हेतु इस अधिनियम को आवश्यक बताया। कार्यक्रम में डॉ. नीतू पंवार, डॉ. सुमन कुमारी, डॉ. स्नेहलता गोस्वामी समेत अन्य विशेषज्ञ उपस्थित थे।