
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के निर्देशानुसार तालुका विधिक सेवा समिति खंडार के तत्वाधान में आज दिनांक 31 दिसंबर 2025 को ग्राम पंचायत छाण के
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के निर्देशानुसार तालुका विधिक सेवा समिति खंडार के तत्वाधान में आज दिनांक 31 दिसंबर 2025 को ग्राम पंचायत छाण के आंगनबाड़ी केंद्र छाण ए और छाण डी मे प्रारंभिक गर्भावस्था और स्वास्थ्य संबंधी मुद्दों के संबंध में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में उपस्थित महिलाओं एवं अन्य आमजन को पीएलवी बैकुंठनाथ मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रारंभिक गर्भावस्था सामान्य गर्भधारण के पहले 12 सप्ताह को कहा जाता है इस समय मां और भ्रूण दोनों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देना बहुत जरूरी होता है। प्रारंभिक गर्भावस्था में उल्टी होना, थकान और नींद ज्यादा आना, दर्द या भारीपन होना, बार-बार पेशाब आना, हल्का पेट दर्द या खिंचाव यह सामान्यतः इसके लक्षण होते हैं। प्रारंभिक गर्भावस्था में मुख्य मातृ स्वास्थ्य संबंधी खून की कमी, उच्च रक्तचाप, मधुमेह संक्रमण, गर्भपात का खतरा, थायराइड की समस्या आदि के संबंध में विशेष सावधानी रखनी चाहिए। गर्भ की पुष्टि होते ही पहले ANC जांच, आयरन, फोलिक एसिड, कैल्शियम डॉक्टर की सलाह से ले तथा संतुलित आहार का सेवन करें एवं शराब, तंबाकू, नशीले पदार्थों से दूर रहे एवं पर्याप्त नींद लेने की सलाह दी।
पीएलवी पुष्पेंद्र गौतम ने शोषण और जबरन श्रम की जानकारी देते हुए बताया कि जब किसी व्यक्ति से उसकी इच्छा के विरुद्ध अनुचित लाभ उठाए जाएं तो उसे शोषण कहा जाता है। अधिक काम और नहीं के बराबर मजदूरी देना श्रम शोषण, बच्चों से काम करवाना बाल श्रम, घरेलू काम यौन शोषण, कर्ज के बदले काम में बांधकर रखने को बंधुआ मजदूरी तथा डराना- मारपीट कर अपमानित करने को मानसिक या शारीरिक शोषण माना जाता है। साथ ही बंधुआ मजदूरी उन्मूलन अधिनियम 1976, बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध) अधिनियम, पीड़ित को मुआवजा, पुनर्वास और कानूनी सहायता का अधिकार आदि का संबंध में जानकारी देते हुए आपात स्थिति हेल्पलाइन नंबर 112, 1091, चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098, महिला हेल्पलाइन नंबर 181 आदि की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर आंगनबाड़ी केंद्र सहायिका सुनिता बैरवा, कार्यकर्ता यास्मीन बानो सहित अन्य महिला पुरुष बच्चे उपस्थित रहे।