बड़ी सादड़ी में जिंक अपशिष्ट मामले पर अनिश्चितकालीन अनशन शुरू
बड़ी सादड़ी/चितौड़गढ़ : बड़ी सादड़ी क्षेत्र में हिंदुस्तान जिंक द्वारा कथित रूप से औद्योगिक एवं रासायनिक अपशिष्ट डाले जाने के मामले को लेकर जहर मुक्त समिति ने अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरू किया है। सहकारिता मंत्री गौतम दक ने 6 दिन में 25,000 डंपर मलबा हटाने का वायदा किया था, लेकिन केवल 10% मलबा हटने के कारण आंदोलनकारियों का विश्वास मंत्री से उठ गया। डॉ विमल कुमार नागौरी, हेमंत बागड़, विनोद रांका और जगदीश धाकड़ सहित तीन अन्य ने भूख हड़ताल पर बैठने का फैसला किया है।
धरना स्थल पर मंत्री गौतम दक की उपस्थिति के बावजूद ठोस कार्यवाही न होने से आंदोलनकारियों में आक्रोश बढ़ा है। मंत्री ने अनशनकारियों को भूख हड़ताल न करने के लिए मनाने की कोशिश की, लेकिन वे अपने निर्णय पर अड़े रहे। इस मुद्दे ने प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर मंत्री गौतम दक के गृह क्षेत्र में धरना बने रहने से। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि बारिश से पहले बड़ी सादड़ी क्षेत्र से मलबा हटाने का वायदा कब पूरा होगा।