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Big Breaking News रसोई गैस फिर हुई महंगी, घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में 29 रुपये की बढ़ोतरी

जमशेदपुर: महंगाई की मार झेल रहे आम लोगों को एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुओं के लगातार बढ़ते दामों के बीच अब घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर भी महंगा हो गया है। तेल एवं गैस कंपनियों ने घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की कीमत में 29 रुपये की बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें लागू होने के बाद 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत बढ़कर 981.50 रुपये हो गई है। इस वृद्धि का सीधा असर लाखों परिवारों के मासिक घरेलू बजट पर पड़ेगा।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, झारखंड में अब उपभोक्ताओं को 14.2 किलो का घरेलू एलपीजी सिलेंडर 981.50 रुपये में मिलेगा। वहीं 5 किलो वाले छोटे सिलेंडर की कीमत 429 रुपये निर्धारित की गई है। हालांकि राहत की बात यह है कि 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसकी कीमत 3,113.50 रुपये पर स्थिर बनी हुई है।
तीन महीने में दूसरी बार बढ़ी रसोई गैस की कीमत
घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में यह वृद्धि पिछले तीन महीनों में दूसरी बार की गई है। इससे पहले 7 मार्च को तेल कंपनियों ने घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में 60 रुपये की बढ़ोतरी की थी। लगातार दूसरी बार हुई बढ़ोतरी से उपभोक्ताओं की चिंता बढ़ गई है। आम लोगों का कहना है कि पहले से ही बढ़ती महंगाई के कारण घर का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है और अब गैस सिलेंडर महंगा होने से रसोई का बजट और प्रभावित होगा।
तेल कंपनियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊर्जा उत्पादों की बढ़ती कीमतों तथा घरेलू बिक्री में हो रहे नुकसान के कारण यह फैसला लिया गया है। कंपनियों के अनुसार घरेलू एलपीजी की बिक्री में होने वाले घाटे की भरपाई के लिए कीमतों में यह वृद्धि आवश्यक थी। हालांकि कंपनियों का दावा है कि मौजूदा बढ़ोतरी से भी नुकसान की केवल आंशिक भरपाई ही हो सकेगी।
पेट्रोल, डीजल और सीएनजी के बाद अब एलपीजी महंगी
घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ने से पहले पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतों में भी लगातार इजाफा देखा गया है। मई महीने के मध्य से अब तक पेट्रोल और डीजल के दाम में कुल मिलाकर लगभग 7.50 रुपये प्रति लीटर तक की वृद्धि हो चुकी है। वहीं सीएनजी की कीमतों में भी करीब 6 रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ईंधन की बढ़ती कीमतों का असर परिवहन लागत पर पड़ता है, जिससे खाद्य पदार्थों और अन्य उपभोक्ता वस्तुओं की कीमतें भी बढ़ जाती हैं। ऐसे में एलपीजी, पेट्रोल, डीजल और सीएनजी के बढ़ते दाम महंगाई को और बढ़ा सकते हैं।
घरेलू बजट पर बढ़ेगा दबाव
रसोई गैस के दाम बढ़ने से मध्यमवर्गीय और निम्न आय वर्ग के परिवारों पर सबसे अधिक असर पड़ने की संभावना है। पहले से ही खाद्य सामग्री, दूध, सब्जियां और अन्य आवश्यक वस्तुओं के बढ़े हुए दामों से जूझ रहे लोगों को अब खाना बनाने के लिए भी अधिक खर्च करना पड़ेगा। उपभोक्ताओं का कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच सरकार और तेल कंपनियों को आम लोगों को राहत देने के उपाय करने चाहिए।
महंगाई के इस नए झटके ने आम लोगों की चिंताओं को और बढ़ा दिया है। आने वाले दिनों में ईंधन कीमतों की स्थिति क्या रहती है, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

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