कोटा: अपना घर आश्रम ने पिता-पुत्र का भावुक मिलन कराया
कोटा: अपना घर आश्रम ने बिहार के पूर्णिया जिले के नन्द लाल पासवान और उनके पिता कामदेव पासवान का 10 महीने बाद भावुक मिलन कराया। नन्द लाल मानसिक बीमारी के कारण अपने साथियों से बिछड़ गया था और कोटा के मेडिकल कॉलेज से लावारिस हालत में रेस्क्यू किया गया था। आश्रम में चिकित्सकों की देखरेख में नन्द लाल ने धीरे-धीरे स्वास्थ्य लाभ किया और अपने परिवार के बारे में जानकारी दी।
बूंदी में कृषि मजदूरी कर रहे नन्द लाल को किसी ठेकेदार ने बिहार से बुलाया था, लेकिन मानसिक बीमारी के चलते वह भटकते हुए कोटा पहुंच गया था। आर्थिक तंगी के कारण पिता कामदेव पासवान कई दिन तक कोटा नहीं आ पाए थे। आज जब वे अपने परिवार के साथ आश्रम पहुंचे और बेटे को सही सलामत देखा तो भावुक हो गए। आश्रम के अध्य्क्ष डॉ. योगेन्द्र मणि कौशिक ने बताया कि उनका उद्देश्य सिर्फ आश्रय देना नहीं बल्कि बिछड़ों को मिलाना है।