उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा विभाग में बड़े पैमाने पर तबादले, संयुक्त शिक्षा निदेशक, उप शिक्षा निदेशक व जिला विद्यालय निरीक्षकों के पदों पर फेरबदल
लखनऊ, 31 मई 2026।
उत्तर प्रदेश शासन के माध्यमिक शिक्षा अनुभाग-6 ने शनिवार को व्यापक प्रशासनिक फेरबदल करते हुए संयुक्त शिक्षा निदेशक, मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक, उप शिक्षा निदेशक तथा जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) स्तर के अधिकारियों के तबादला एवं पदस्थापन आदेश जारी किए हैं। शासन द्वारा जारी चार अलग-अलग आदेशों में कुल मिलाकर अनेक अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
शासन के अनुसार, संयुक्त शिक्षा निदेशक स्तर पर शिवराज को मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक मुरादाबाद, डॉ. नूतन कुमारी को मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक कानपुर, राजेंद्र कुमार जायसवाल को मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक आगरा तथा राजेश कुमार को मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक आगरा के पद पर तैनात किया गया है। उप शिक्षा निदेशक स्तर पर भी महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। कुंवर राजीव दीक्षित को अपर सचिव, बोर्ड कार्यालय प्रयागराज से माध्यमिक शिक्षा परिषद बरेली भेजा गया है। वहीं प्रयागराज के जिला विद्यालय निरीक्षक प्रवीण नारायण सिंह को प्रभारी मंडलीय उप शिक्षा निदेशक लखनऊ की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा कई अन्य अधिकारियों को बरेली, अयोध्या, देवीपाटन और झांसी मंडलों में नई तैनाती मिली है। शासन द्वारा जारी एक अन्य आदेश में शिक्षा निदेशालय प्रयागराज में सहायक शिक्षा निदेशक (माध्यमिक) के पदों पर नौ अधिकारियों की तैनाती की गई है। इनमें बलिया, गोंडा, जौनपुर, मिर्जापुर, मेरठ, फिरोजाबाद और कौशाम्बी के जिला विद्यालय निरीक्षक शामिल हैं। इन अधिकारियों को शिक्षा निदेशालय (माध्यमिक), प्रयागराज में संबद्ध किया गया है। इसके अतिरिक्त संस्कृत शिक्षा से जुड़े अधिकारियों के भी तबादले किए गए हैं। रामाज्ञा कुमार को संस्कृत शिक्षा निदेशालय प्रयागराज से मंडलीय उप शिक्षा निदेशक बरेली तथा डॉ. बृजेश मिश्रा को उप शिक्षा निदेशक संस्कृत शिक्षा निदेशालय प्रयागराज में तैनाती दी गई है। शासन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि स्थानांतरित अधिकारी तत्काल प्रभाव से नवीन तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण करें। कार्यभार ग्रहण करने तक किसी प्रकार का अवकाश स्वीकृत नहीं किया जाएगा। आदेश में यह भी कहा गया है कि निर्धारित समयावधि में कार्यभार ग्रहण न करने को अनुशासनहीनता माना जाएगा और संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। माध्यमिक शिक्षा विभाग में हुए इस व्यापक फेरबदल को आगामी शैक्षिक सत्र की प्रशासनिक तैयारियों और विभागीय कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।