छत्तीसगढ़ में अवैध बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई
छत्तीसगढ़: Vishnu Deo Sai सरकार ने अवैध बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर सख्त कदम उठाए हैं। राज्य सरकार ने सभी जिलों में विशेष टास्क फोर्स (STF) बनाने, दस्तावेजों की जांच तेज करने और मजदूरों तथा किरायेदारों के सत्यापन को अनिवार्य करने जैसे कई उपाय किए हैं।
सरकार ने टोल-फ्री हेल्पलाइन शुरू की है ताकि आम नागरिक संदिग्ध अवैध प्रवासियों की सूचना दे सकें। गृह मंत्री Vijay Sharma ने विधानसभा में बताया कि पकड़े गए घुसपैठियों के लिए होल्डिंग सेंटर बनाए जाएंगे और केंद्र सरकार तथा विदेशी दूतावासों के साथ समन्वय कर डिपोर्टेशन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। अब तक लगभग 850 अवैध बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान कर कार्रवाई की गई है, जिनमें से 500 बस्तर और 350 कवर्धा क्षेत्र से हैं।
विपक्षी दलों ने सरकार से इस अभियान की पारदर्शिता पर सवाल उठाए हैं, लेकिन सरकार इसे राज्यव्यापी अभियान मानते हुए लगातार "Zero Tolerance" नीति अपनाने की बात कह रही है। कानूनी प्रक्रिया के तहत पहचान, जांच और कोर्ट/प्रशासनिक कार्रवाई के बाद डिपोर्टेशन की जाती है, जो समय ले सकती है। सरकार ने अभी तक घुसपैठियों को पूरी तरह समाप्त करने की कोई निश्चित तिथि घोषित नहीं की है।