पेसा नियमावली लागू करने की मांग को लेकर भूमिज-मुंडा समाज ने सौंपा ज्ञापन
सरायकेला-खरसावां: कुकड़ू अंचल कार्यालय में भूमिज-मुंडा समाज के प्रतिनिधियों ने पेसा नियमावली के प्रभावी क्रियान्वयन और पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को मजबूत करने की मांग को लेकर अंचल प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान समाज की ओर से पारंपरिक हातु, सरदार, मुड़ा, डाकूवा और नाया की सूची भी अंचलाधिकारी को सौंपी गई।
समाज के प्रतिनिधियों ने अंचलाधिकारी अभय कुमार द्विवेदी से मांग करते हुए कहा कि पेसा नियमावली के तहत पारंपरिक व्यवस्था से जुड़े योग्य लोगों को ग्राम स्तर पर जिम्मेदारी दी जाए। उन्होंने गांवों में पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को मजबूत करने और गैर-आदिवासी हस्तक्षेप समाप्त करने की भी मांग उठाई।
झारखंड ट्रायबल भूमिज मुंडा यूथ ऑर्गनाइजेशन के अध्यक्ष रविंद्र सरदार ने कहा कि आदिवासी समाज के अधिकारों और परंपराओं की लगातार अनदेखी हो रही है, जिससे समाज में नाराजगी बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि पेसा कानून का सही तरीके से पालन होने पर गांवों में पारंपरिक व्यवस्था और आदिवासी अधिकार मजबूत होंगे।
प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से पारंपरिक ग्राम प्रधानों का अद्यतन डेटा उपलब्ध कराने की मांग भी की। समाज के लोगों ने कहा कि पेसा नियमावली को धरातल पर लागू करना आदिवासी अधिकारों के संरक्षण के लिए जरूरी है।