श्रीमद्भागवत कथा सुनने उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, भक्ति रस में डूबा बेलहा गांव
खीरी, प्रयागराज।
ग्राम बेलहा खीरी में आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा इन दिनों श्रद्धा और आस्था का केंद्र बनी हुई है। कृष्ण मुरारी एवं रामप्रभाव मिश्रा के आवास पर चल रही कथा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर भगवान की कथा का श्रवण कर रहे हैं। दूसरे दिन कथा पंडाल पूरी तरह भक्तिमय वातावरण से सराबोर दिखाई दिया।
कथाव्यास दयालु जी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि मनुष्य जीवन का वास्तविक उद्देश्य प्रभु की भक्ति और सत्कर्म है। उन्होंने कहा कि संसार के भौतिक सुख क्षणिक हैं, जबकि ईश्वर भक्ति से मिलने वाला आनंद और शांति स्थायी होती है। भगवान का स्मरण करने वाला व्यक्ति हर परिस्थिति में संतुलित और प्रसन्न रहता है।
उन्होंने श्रीमद्भागवत पुराण की महिमा का वर्णन करते हुए बताया कि यह कथा मनुष्य को धर्म, प्रेम, करुणा और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण की विभिन्न लीलाओं का भावपूर्ण वर्णन किया गया, जिसे सुनकर श्रद्धालु मंत्रमुग्ध हो गए। भजन-कीर्तन और मधुर संगीत से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।
दूसरे दिन परीक्षित स्वरूप रामप्रभाव मिश्र एवं कृष्णा कुमारी ने श्रद्धापूर्वक कथा श्रवण कर पूजन-अर्चन किया। कथा स्थल को रंग-बिरंगी सजावट एवं आकर्षक प्रकाश व्यवस्था से सजाया गया है। ग्रामीणों के साथ-साथ दूरदराज क्षेत्रों से भी श्रद्धालु कथा में शामिल हो रहे हैं।
कार्यक्रम के अंत में महाआरती एवं प्रसाद वितरण किया गया। आयोजन को सफल बनाने में ग्रामवासियों एवं कथा समिति के सदस्यों का विशेष योगदान रहा।