बेनीपुर नगर परिषद में करोड़ों का 'खेल'! पार्षदों ने खोला कार्यपालक पदाधिकारी के खिलाफ मोर्चा, पुतला दहन और अनिश्चितकालीन धरने का ऐलान।"
बिहार के दरभंगा जिले के बेनीपुर नगर परिषद से इस वक्त की एक बहुत बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। जनता के विकास के लिए आने वाले सरकारी पैसों का किस तरह बंदरबांट हो रहा है, इसका एक बड़ा खुलासा खुद बेनीपुर नगर परिषद के पार्षदों ने किया है।
जी हां, बेनीपुर नगर परिषद के "नगर सरकार भवन" में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। वार्ड पार्षदों का आरोप है कि कार्यपालक पदाधिकारी (EO), मुख्य पार्षद और सशक्त स्थाई समिति की मिलीभगत से करोड़ों रुपए का फर्जी भुगतान किया गया है। पार्षदों का कहना है कि जब उन्होंने इस वित्तीय गड़बड़ी और भुगतान से जुड़े कागजात मांगने की कोशिश की, तो अधिकारी टालमटोल कर रहे हैं और कागजात छुपा रहे हैं।
तस्वीरें गवाही दे रही हैं कि किस तरह जनता की गाढ़ी कमाई का पैसा सरकारी परिसरों में सड़ रहा है। करोड़ों रुपए की लागत से खरीदी गई कचरा गाड़ियां, फॉगिंग मशीनें और ई-रिक्शा बिना इस्तेमाल के परिसर में कबाड़ बन चुके हैं। भ्रष्टाचार का आलम यह है कि बिना काम के ही राशि की निकासी कर ली गई।
इस मामले को लेकर पार्षदों का गुस्सा अब सातवें आसमान पर है। सामाजिक कार्यकर्ता और पार्षद प्रतिनिधि आशीष रंजन दास उर्फ विपीन सिंह ने सीधे तौर पर इस घोटाले के खिलाफ आर-पार की जंग का एलान कर दिया है। पार्षदों ने घोषणा की है कि इस महाभ्रष्टाचार के विरोध में वे कल कार्यपालक पदाधिकारी का पुतला दहन करेंगे। इतना ही नहीं, आने वाले दिनों में भ्रष्टाचार की प्रतियों को जलाकर विरोध जताया जाएगा और अधिकारियों को सद्बुद्धि देने के लिए 'बुद्धि-शुद्धि महायज्ञ' भी किया जाएगा। अगर फिर भी कार्रवाई नहीं हुई, तो आगामी 21 तारीख से अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन और उच्च अधिकारी इस मामले पर क्या संज्ञान लेते हैं, या फिर बेनीपुर नगर परिषद में इसी तरह जनता की गाढ़ी कमाई की लूट मची रहेगी।