ओबीसी समाज के अध्यक्ष एवं कार्यकर्ताओं का जागरूकता प्रशिक्षण संपन्न
l*सर्व ओबीसी समाज महापंचायत ट्रस्ट( रजि )उदयपुर*
प्रेस न्यूज़
ओबीसी की जातिगत जनगणना ओबीसी के विकास के लिए आवश्यक- एडवोकेट रतन लाल गुर्जर
ओबीसी समाज के अध्यक्ष एवं कार्यकर्ताओं का जागरूकता प्रशिक्षण संपन्न
12000 टेम्पलेट वितरित कर लोगों को करेंगे जागरूक
उदयपुर
सर्व ओबीसी समाज महा पंचायत ट्रस्ट द्वारा ओबीसी समाज के अध्यक्षों एवं कार्यकर्ताओं का जागरूकता प्रशिक्षण शिविर होटल दी फॉर्चून 100 फीट रोड माली कॉलोनी में एडवोकेट रतनलाल गुर्जर की अध्यक्षता में रखा गया। सभी अतिथियों ने समाज सुधारक महात्मा ज्योतिबा फुले के चित्र पर माला एवं पुष्प अर्पित करते हुए महात्मा ज्योतिबा फुले के 200 वर्ष पूर्व समाज सुधार जो प्रयास किए हैं उन्हें और आगे बढ़ाना निर्णय लिया।
एडवोकेट रतन लाल गुर्जर ने कहा कि सभी समाजों के अध्यक्ष अपने समाज में की बैठक में जागरूकता अभियान चलाएं और सरकार द्वारा दी जा रही सुविधा का लाभ ओबीसी समाज बंधुओ को दिलाई। सर्वप्रथम अपने घर के सभी सदस्यों को जागरूक करें। साथ ही जनगणना में गजट नोटिफिकेशन में की सूची में लिखी मूल जाति के लिखवावे। उपजाति या गोत्र नहीं लिखवावे। ओबीसी को जिन सुविधाओं से वंचित कर रखा है उनके लिए सभी सामूहिक रूप से प्रयास करें। ट्रस्ट के अध्यक्ष लोकेश चौधरी में सभी का शब्दों से स्वागत करते हुए समाज में जागृति लाने के लिए सभी का प्रयास आवश्यक है।
संस्थापक दिनेश माली ने ओबीसी के बारे में विस्तार से चर्चा करते हुए बताया कि ओबीसी समाज कि अभी भी शिक्षा के क्षेत्र में एवं आर्थिक रूप से सक्षम नहीं है। इसलिए सरकार को चाहिए की ओबीसी के विकास के लिए सार्थक प्रयास करें जैसे संभाग स्तरीय पर छात्रावास बनाए जाएं, एसटी एससी के समान छात्रवृत्ति दी जाए । टीएसपी क्षेत्र में मंडल आयोग के अनुसार 27 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए ,ओबीसी सर्टिफिकेट एक बार बनाने के बाद पुनः बनाने की आवश्यकता नहीं होनी चाहिए क्योंकि विद्यार्थी प्रतियोगिता परीक्षा के लिए आवेदन करता है। जिसमें ओबीसी सर्टिफिकेट की आवश्यकता होती है जिसे प्रतिवर्ष बनाना होता है। जो एक कठिन कार्य हैं और आर्थिक हानी के साथ समय भी बहुत लगता है। क्रीम लेयर जैसे प्रावधान को हटाना चाहिए ।सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार ओबीसी की जातिगत जनगणना करवाते हुए नगर निगम एवं पंचायती राज चुनाव में आरक्षण देना चाहिए ।महिला आरक्षण में महिलाओं कोटा में 33 प्रतिशत ओबीसी महिलाओं के आरक्षण का प्रावधान होना चाहिए।
मोटिवेशनल स्पीकर नवनीत नागर अरे कहा ओबीसी जागरूकता अभियान के लिए सोशल मीडिया का भरपूर उपयोग करना चाहिए। लाखों लोगों को जानकारी मिलेगी। साथ ही घोषणा की 90 प्रतिशत अंक लाने वाले ओबीसी विद्यार्थियों को चिंतामणि कोचिंग द्वारा निशुल्क कोचिंग करवाई जाएगी।
मोटिवेशनल स्पीकर डॉ दिनेश बंसल ने कहा कि जानकारी के अभाव में कई बार अपन, अपने हितों की बातों का भी विरोध कर देते हैं। इसलिए समाज में जानकारी और जागृति आवश्यक है और ओबीसी की जातिगत जनगणना आवश्यक है। जगदीश पूर्बिया ने कहा की ओबीसी लिस्ट में पूर्बिया कलाल का नाम नही होने से सर्टिफिकेट बनाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए ओबीसी महा पंचायत को नाम जुड़वाने के लिए प्रयास करना चाहिए। भेरूलाल कलाल ने सरकार द्वारा करवाई जा रही मकान की गणना के बारे में विस्तृत जानकारी दें। प्रवक्ता नरेश पूर्बिया ने बताया कि उपस्थित सभी लोगों को समाजो में वितरित करने के लिए टेम्प्लेट दिए गए। ओबीसी समाजों में 12 000 हजार पेंपलेट वितरित कर युवाओं को जागरूक करेंगे। जगदीश पूर्बिया व चुन्नी लाल पूर्बिया ने ओबीसी महापंचायत की सदस्यता ग्रहण की। सभी में महापंचायत द्वारा उठाए गए कदमों को सार्थक करने के लिए हर संभव प्रयास का आश्वासन दिया। भेरूलाल भोई द्वारा भोजन के अपव्यय को रोकने के लिए चलाई गई मुहिम "थाली में भोजन जितना ही लेवें, नहीं जावे नाली में" की सभी ने बहुत सराहना की। जागरूकता के अभाव में लोग 40 प्रतिशत भोजन व्यर्थ कर देते हैं। नरेश पूर्बिया ने बताया कि भोजन के झूठा छोड़ने की आदत के लगाम लगाने के लिए ओबीसी समाज जागृति लाने का प्रयास करेंगी और भोजन के बाद थाली रखने के डस्टबिन के पास समाज के जागरूक महिला एवं पुरुष को खड़े करेंगे। साथी साथी भोजन के काउंटर पर बैनर लगाएंगे। ताकि कोई थाली में झूठा नहीं छोड़े।
कार्यक्रम महासचिव सुर्य प्रकाश सुहालका, सचिव किसन राव, भेरूलाल भोई, बालकृष्ण सुहालका , महिला प्रदेशाध्यक्ष मणी बेन पटेल, शर्मिला माली,पुजा टेलर, अर्चना भाटी सहित कई लोग उपस्थित थे। Aimamedia