मातृ दिवस पर मारवाड़ी युवा मंच ने अंत्योदय आश्रम में किया सेवा कार्य, मातृ शक्ति का सम्मान
जमशेदपुर: मातृ दिवस के पावन अवसर पर मारवाड़ी युवा मंच, जमशेदपुर शाखा द्वारा रविवार को बिष्टुपुर स्थित पार्वती घाट के समीप अंत्योदय आश्रम में सेवा एवं सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आश्रम में रह रही माताओं के बीच पहुंचकर मंच के सदस्यों ने उनके साथ आत्मीय समय बिताया और मातृ शक्ति के प्रति सम्मान प्रकट किया।
कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में मातृत्व के महत्व को रेखांकित करना और बुजुर्ग माताओं के प्रति सम्मान एवं सेवा की भावना को बढ़ावा देना था। मंच के सदस्यों ने आश्रम में निवासरत माताओं के साथ मिलकर मातृ दिवस का उत्सव मनाया। इस दौरान माताओं के हाथों केक कटवाया गया, जिससे कार्यक्रम का माहौल भावनात्मक और उत्साहपूर्ण बन गया। उपस्थित सभी लोगों ने माताओं को शुभकामनाएं दीं और उनके स्वस्थ एवं सुखद जीवन की कामना की।
सेवा कार्य के तहत आश्रम में रह रही सभी माताओं एवं अन्य लोगों के बीच पोहा, इडली, बूंदी और भुजिया का वितरण किया गया। मंच के सदस्यों ने स्वयं अपने हाथों से भोजन परोसा और माताओं का हालचाल जाना। इस दौरान कई माताओं ने अपने जीवन के अनुभव साझा किए, जिसे सुनकर युवा सदस्य भावुक हो उठे।
मारवाड़ी युवा मंच के पदाधिकारियों ने कहा कि मातृ दिवस केवल एक दिन का उत्सव नहीं, बल्कि माताओं के प्रति सम्मान और सेवा की भावना को जीवनभर निभाने का संकल्प है। उन्होंने कहा कि समाज में बुजुर्गों की सेवा और सम्मान हमारी संस्कृति की पहचान है और इसी परंपरा को आगे बढ़ाने के लिए मंच लगातार इस तरह के सामाजिक कार्यक्रम आयोजित करता रहता है।
कार्यक्रम में शाखा अध्यक्ष युवा प्रकाश बजाज ने कहा कि मां का स्थान जीवन में सर्वोच्च होता है और उनके प्रति सम्मान व्यक्त करना हर संतान का कर्तव्य है। सचिव युवा हेमंत गुप्ता ने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं और युवाओं को सेवा भाव से जोड़ते हैं।
इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष एवं प्रांतीय संयोजक अमृतधारा युवा अश्विनी अग्रवाल, युवा मनीष अग्रवाल, शुभम गोयल, नीरज शर्मा, आशीष अग्रवाल, संजय अग्रवाल, ईशु बरवालिया एवं यश अग्रवाल सहित कई सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने आश्रम की माताओं से आशीर्वाद प्राप्त किया और आगे भी सेवा कार्यों में सक्रिय रहने का संकल्प लिया।
मारवाड़ी युवा मंच जमशेदपुर शाखा द्वारा समय-समय पर सामाजिक सेवा, स्वास्थ्य, शिक्षा और जरूरतमंदों की सहायता के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। मातृ दिवस पर आयोजित यह सेवा कार्यक्रम समाज में संवेदनशीलता, सम्मान और संस्कार का सशक्त संदेश देकर संपन्न हुआ।