हिमाचल प्रदेश #कांगड़ा #भवारना# मटृ *"सेवा ही धर्म: स्याल क्लब मट ने श्रमदान-धनदान से रचा विकास का नया अध्याय"*
#हिमाचल प्रदेश जिला #कांगड़ा गांव #मट।* "गांव हमारा है, जिम्मेदारी भी हमारी" इसी जज़्बे के साथ स्याल क्लब मट के युवा और बुजुर्ग सामाजिक कार्य की मिसाल बन गए हैं।
दिनभर खेत, दुकान और नौकरी संभालने के बाद ये लोग रात ....बजे से .....बजे तक पुलिया, पार्किंग और गांव के रास्तों पर श्रमदान करते हैं। कोई करंदी चला रहा है, कोई सीमेंट-रेत गूंथ रहा है, तो कोई पत्थर बिछा रहा है। न थकान का बहाना, न तारीफ की चाह।
धनदान में भी कोई पीछे नहीं। किसी ने... धनराशि से मदद की,किसी ने सीमेंट की बोरी भिजवा क्लब का एक ही नारा है "जो है, वही लगाओ, गांव अपने-आप बन जाएगा।"
गांव के बुजुर्ग कहते हैं, "पहले सरकारी फाइलें घूमा करती थीं, अब स्याल क्लब मट के हाथ घूम रहे हैं।"
युवाओं का कहना है कि असली सम्मान स्टेज पर नहीं, गांव की मिट्टी पर पसीना बहाने में है।
स्याल क्लब मट ने साबित कर दिया कि अगर नीयत साफ हो तो श्रमदान और धनदान से ही गांव आत्मनिर्भर बन सकते हैं। यह जज्बा पूरे हिमाचल के लिए प्रेरणा है।