विकास के दावे सिर्फ फाइलों मे सुरक्षित
गोंडा/उ०प्र०: अयोध्या हाईवे स्थित कमल पेट्रोल पम्प के पीछे से सलारपुरवा शेखन गांव, अकबरपुर, लाला हाता होते हुए पूरेतिवारी ग्राम पंचायत तक जाने वाली सड़क आज बदहाली की ऐसी तस्वीर बन चुकी है, जिसे देखकर सड़क कहना भी मुश्किल हो गया है। जगह-जगह गहरे गड्ढे, उखड़ी गिट्टियां और पथरीले रोडे राहगीरों की जिंदगी से रोज खिलवाड़ कर रहे हैं।
दर्जनों गांवों को जोड़ने वाली यह मुख्य सड़क अब लोगों के लिए मुसीबत का रास्ता बन चुकी है। कचहरी, तहसील, अस्पताल, स्कूल-कॉलेज जाने वाले हजारों लोग इसी जानलेवा सड़क से गुजरने को मजबूर हैं। हालत यह है कि हर दिन कोई न कोई राहगीर गिरकर घायल हो रहा है।
बाइक सवार जावेद ने बताया कि वह सहारपुरवा से कचहरी जा रहे थे, तभी सड़क पर फैले रोडों के कारण बाइक फिसल गई और वह घायल हो गए। वहीं गंगापुर निवासी धनीराम अपनी बीमार मां को जिला अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन टूटी सड़क ने रास्ते में ही उन्हें हादसे का शिकार बना दिया। मां-बेटे दोनों घायल हो गए।
स्कूल-कॉलेज आने-जाने वाले छात्र मोहन यादव, सरिता, पारुल, अजमल और पवन कुमार ने बताया कि वे कई बार इस सड़क पर गिरकर चोटिल हो चुके हैं। उनका कहना है कि सड़क बने दशकों बीत चुके हैं, लेकिन मरम्मत के नाम पर सिर्फ आश्वासन मिले हैं।
स्थानीय ग्रामीण दयाराम, शिवकुमार, सलमान, रवि, राहुल और जगत पासवान का आरोप है कि कई बार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से सड़क मरम्मत की मांग की गई, लेकिन जिम्मेदारों के कानों पर जूं तक नहीं रेंगी।।
क्या किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा प्रशासन?
क्षेत्रीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई, तो बड़ा जनआंदोलन किया जाएगा। जनता का कहना है कि विकास के बड़े-बड़े दावे करने वाले जनप्रतिनिधियों को अब इस बदहाल सड़क पर भी नजर डालनी चाहिए, जहां हर रोज लोग चोटिल हो रहे हैं और जिम्मेदार मौन बैठे है!!