पश्चिम बंगाल : शाहजहां शेख सिंडिकेट और भ्रष्टाचार मामले में गिरफ्तार
पश्चिम बंगाल : उत्तर 24 परगना जिले के संदेशखाली इलाके से आने वाले टीएमसी नेता शाहजहां शेख पर गंभीर आरोप लगे हैं। शाहजहां शेख बांग्लादेश से भागकर पश्चिम बंगाल आए थे और मजदूर जीवन से राजनीति में प्रवेश किया। उन्होंने माकपा से शुरुआत की, बाद में टीएमसी से जुड़कर इलाके में दबंगई, जमीन कब्जा और मछली पालन के व्यवसाय के जरिए अपनी संपत्ति और रसूख बढ़ाया। उनके खिलाफ स्थानीय महिलाओं सहित आदिवासी परिवारों द्वारा यौन शोषण और जमीन हड़पने की सैकड़ों शिकायतें दर्ज हैं।
5 जनवरी 2024 को प्रवर्तन निदेशालय ने संदेशखाली में राशन घोटाले की जांच के दौरान शाहजहां शेख की संलिप्तता पाई और उनके करीबी ज्योतिप्रिय मलिक और शंकर आद्या को गिरफ्तार किया। शाहजहां पर पुलिस और अधिकारियों पर हमले के बाद वह करीब 55 दिनों तक फरार रहे। स्थानीय विरोध प्रदर्शन और हाईकोर्ट के आदेश के बाद 29 फरवरी 2024 को उन्हें गिरफ्तार कर टीएमसी ने पार्टी से निलंबित किया। मामले के मुख्य गवाह भोलानाथ घोष पर हमले में उनके परिवार के दो सदस्य मारे गए, जिससे गवाह सुरक्षा का मुद्दा उभरा। इस मामले में कानूनी प्रक्रिया जारी है और अंतिम फैसला बाकी है।