मानसिक सुकून की तलाश में वृंदावन पहुंचा 18 वर्षीय अनाथ युवक, पंचकूला पुलिस ने 24 घंटे में किया सकुशल बरामद, डीसीपी की युवाओं व अभिभावकों से भावुक अपील
माता-पिता का पहले ही हो चुका है देहांत, अभी कालका में अपनी मौसी के घर रह रहा था युवक
पंचकूला/ 30 अप्रैल:- कालका क्षेत्र में 28 अप्रैल को एक 18 वर्षीय युवक अचानक घर से लापता हो गया। परिजनों द्वारा अपने स्तर पर काफी खोजबीन करने के बावजूद जब युवक का कोई सुराग नहीं मिला, तो उन्होंने कालका थाना में इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए गुमशुदगी का मामला दर्ज कर युवक की तलाश शुरू कर दी।
थाना कालका के इंस्पेक्टर मनसा राम के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तकनीकी और स्थानीय स्तर पर जांच शुरू की। जांच के दौरान महत्वपूर्ण सुराग जुटाते हुए पुलिस को पता चला कि युवक उत्तर प्रदेश के वृंदावन क्षेत्र में चला गया है। इसके बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 29 अप्रैल को युवक को सकुशल बरामद कर लिया और उसे सुरक्षित उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि युवक के माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका है और वह कालका में अपनी मौसी के घर रह रहा था। युवक ने पुलिस को बताया कि वह मानसिक सुकून और शांति की तलाश में बिना किसी को बताए वृंदावन चला गया था।
इस संवेदनशील मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने किशोरों और युवा पीढ़ी से भावुक अपील की है। उन्होंने कहा कि युवाओं को यह समझना चाहिए कि उनके पीछे उनका एक परिवार है, जिसकी खुशियां उनसे जुड़ी हैं। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे घर से बाहर कहीं भी जाते समय अपने अभिभावकों को सूचित जरूर करें। साथ ही, डीसीपी ने अभिभावकों और संरक्षकों को भी सलाह दी है कि वे बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार रखें और घर में ऐसा माहौल बनाएं कि बच्चे अपनी मानसिक स्थिति और मन की बात खुलकर साझा कर सकें, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।