जिले में अभियान बतौर सुधारी जाएंगी राजस्व अभिलेखों की त्रुटियां
जिले में अभियान बतौर सुधारी जाएंगी राजस्व अभिलेखों की त्रुटियाँ
कलेक्टर ने 5 मई तक माँगी ग्रामवार रिपोर्ट
राजस्व अभिलेखों में दर्ज त्रुटियों के त्वरित सुधार के लिए कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने जिले के सभी अनुविभागीय अधिकारियों (राजस्व) को विशेष अभियान चलाने के निर्देश जारी किए हैं। कलेक्टर ने राजस्व अभिलेखों में त्रुटियों से संबंधित सभी प्रकरण चिन्हित कर 5 मई 2026 तक ग्रामवार रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है, जिससे त्रुटि सुधार कर संबंधित भूमि स्वामियों को योजनाओं के लाभ में आ रही बाधाओं को दूर किया जा सके।
ज्ञात हो बीते दिनों कलेक्टर द्वारा ली गईं राजस्व अधिकारियों की बैठक में यह तथ्य सामने आया था कि जिले के विभिन्न ग्रामों के कम्प्यूटरीकृत खसरों में भूमिस्वामी स्वत्व संबंधी कॉलम क्रमांक-5 में कई स्थानों पर वास्तविक भूमिस्वामियों के नाम के स्थान पर “अ पुत्र ब” जैसे काल्पनिक नाम दर्ज हैं। साथ ही कुछ प्रकरणों में यह कॉलम रिक्त है। यह त्रुटियाँ अभिलेखों के डिजिटाइजेशन के दौरान उत्पन्न हुई हैं।
कलेक्टर श्रीमती चौहान द्वारा जारी निर्देशों के तहत हल्का पटवारी अपने-अपने ग्रामों में ऐसे सभी सर्वे क्रमांकों की सूची तैयार करेंगे, जहाँ काल्पनिक नाम दर्ज हैं अथवा भूमिस्वामी का कॉलम रिक्त है। साथ ही प्रत्येक सर्वे क्रमांक के लिए कम्प्यूटरीकरण से पूर्व की सही प्रविष्टियों की जानकारी भी संकलित की जाएगी।
यह जानकारी हल्का पटवारी, राजस्व निरीक्षक एवं तहसीलदारों के माध्यम से संकलित कर निर्धारित समय-सीमा में कार्यालय को उपलब्ध कराई जाएगी। प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता, 1959 की धारा 115 के प्रावधानों के अंतर्गत विधिवत त्रुटि सुधार की कार्यवाही की जाएगी।
कलेक्टर ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ समय-सीमा में पूर्ण करें, ताकि राजस्व अभिलेखों की शुद्धता सुनिश्चित हो सके और भूमिस्वामियों को अनावश्यक परेशानी से राहत मिले।
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CM Madhya Pradesh