NeoAstro जैसे ऑनलाइन एस्ट्रोलॉजी प्लेटफ़ॉर्म्स पर उठते सवाल: क्या यूज़र्स के भरोसे के साथ हो रहा है खिलवाड़?
आजकल ऑनलाइन एस्ट्रोलॉजी प्लेटफ़ॉर्म्स का चलन तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन कुछ प्लेटफ़ॉर्म्स को लेकर गंभीर सवाल भी उठ रहे हैं। एक ऐसे ही प्लेटफ़ॉर्म NeoAstro के बारे में कई चिंताजनक बातें सामने आ रही हैं, जिन पर लोगों को सतर्क रहने की ज़रूरत है।
बताया जाता है कि इस प्लेटफ़ॉर्म पर ज्योतिषियों का चयन उनके ज्ञान या अनुभव के आधार पर नहीं, बल्कि कुछ अलग मापदंडों पर किया जाता है। जैसे कि अगर कोई ज्योतिषी किसी अन्य प्लेटफ़ॉर्म पर काम कर रहा है, तो उसकी मासिक कमाई ₹50,000 से अधिक होनी चाहिए और उसका “लॉयल्टी प्रतिशत” 30% से ऊपर होना चाहिए। यहाँ “लॉयल्टी प्रतिशत” का मतलब यह बताया जाता है कि वह ज्योतिषी यूज़र के साथ कितनी देर तक बातचीत करता है। यानी जितनी लंबी बातचीत, उतना बेहतर प्रदर्शन माना जाता है।
ऐसे में सवाल उठता है कि क्या यह प्लेटफ़ॉर्म योग्य ज्योतिषियों को चुन रहा है या ऐसे लोगों को प्राथमिकता दे रहा है जो बातचीत को अनावश्यक रूप से लंबा खींच सकें। यह भी आरोप है कि कई योग्य और ज्ञानवान ज्योतिषियों को सिर्फ इसलिए मौका नहीं दिया जाता क्योंकि उनकी कमाई या “लॉयल्टी प्रतिशत” तय सीमा से कम है।
यूज़र अनुभव को लेकर भी कई गंभीर बातें सामने आई हैं। कहा जाता है कि जब कोई यूज़र 5 मिनट की सलाह लेने आता है, तो बातचीत को जानबूझकर 30-50 मिनट तक खींचा जाता है। उदाहरण के तौर पर, पहले 5-10 मिनट कुंडली देखने के नाम पर, फिर फेस रीडिंग के लिए फोटो माँगने में, उसके बाद दाएं और बाएं हाथ की हथेली की तस्वीर लेने में समय बिताया जाता है। इसके बाद “मंत्र जाप” या “गहन अध्ययन” के नाम पर और समय लिया जाता है। इस तरह 30-35 मिनट बिना किसी ठोस निष्कर्ष के बीत जाते हैं।
इसके बाद यूज़र को यह कहकर डराया जाता है कि उसकी कुंडली में बड़ा दोष है, कोई गंभीर संकट आ सकता है या कोई अनहोनी होने वाली है। फिर समाधान के नाम पर उसे लंबा रिचार्ज करने के लिए कहा जाता है, जैसे 3 घंटे का पैक, जिसकी कीमत लगभग ₹6000 या उससे अधिक हो सकती है। यूज़र डर के कारण यह रिचार्ज कर लेता है।
आरोप यह भी है कि इसके बाद यूज़र को किसी एकांत स्थान पर बैठकर मंत्र जाप करने के लिए कहा जाता है, जबकि ज्योतिषी खुद पूजा करने का दावा करता है। लेकिन यह सवाल उठता है कि क्या वास्तव में हर समय, दिन-रात, हर ज्योतिषी हर यूज़र के लिए पूजा कर सकता है? या यह सिर्फ एक तरीका है यूज़र को व्यस्त रखने और पैसे खर्च करवाने का?
एक और गंभीर चिंता यह जताई जा रही है कि इस प्लेटफ़ॉर्म पर ज्योतिषियों की असली पहचान स्पष्ट नहीं होती। कहा जाता है कि कई प्रोफाइल्स में AI-जनरेटेड तस्वीरों का इस्तेमाल किया जाता है। उदाहरण के तौर पर, अगर कोई ज्योतिषी बहुत युवा है, तो उसकी प्रोफाइल पर किसी बुजुर्ग “बाबा” की तस्वीर दिखाई जाती है। इससे यूज़र को भ्रमित किया जा सकता है और उसकी विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं।
इन सभी बिंदुओं को देखते हुए यह ज़रूरी है कि यूज़र किसी भी ऑनलाइन एस्ट्रोलॉजी प्लेटफ़ॉर्म का उपयोग करने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करें, जल्दबाज़ी में निर्णय न लें और डर या भावनाओं में आकर पैसे खर्च न करें। डिजिटल युग में जागरूक रहना ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।