पीलीभीत: स्मार्ट मीटर के खिलाफ फूटा जनता का गुस्सा, अनोखे अंदाज में निकाली 'शव यात्रा
पीलीभीत में स्मार्ट मीटरों की कार्यप्रणाली और बिजली विभाग की कथित मनमानी के खिलाफ गुरुवार को व्यापारियों और स्थानीय निवासियों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। विभाग की कार्यशैली से नाराज शहरवासियों ने इस बार विरोध का एक अनोखा तरीका अपनाया और स्मार्ट मीटर की प्रतीकात्मक 'शव यात्रा' निकालकर अपना रोष प्रकट किया।
मुख्य बातें: विरोध की बड़ी वजहें
प्रदर्शनकारियों ने बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, स्मार्ट मीटर लगने के बाद से जनता निम्नलिखित समस्याओं से जूझ रही है:
मीटर की तेज रफ्तार: उपभोक्ताओं का दावा है कि मीटर सामान्य से कहीं अधिक तेजी से भाग रहे हैं।
अत्यधिक बिल: कई घरों में बिजली का बिल अचानक दोगुना या उससे भी ज्यादा आने लगा है।
अघोषित कटौती: बिना किसी पूर्व सूचना के उपभोक्ताओं के खातों से पैसे कटने की शिकायतें आम हो गई हैं।
सड़कों पर उतरा जनसैलाब
यह प्रदर्शन शहर के विभिन्न हिस्सों से शुरू होकर मुख्य गैस चौराहे पर समाप्त हुआ। प्रदर्शनकारियों ने एक पुतले पर स्मार्ट मीटर बांधकर उसे शव की तरह कंधा दिया और बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस सांकेतिक शव यात्रा के जरिए जनता ने यह संदेश देने की कोशिश की कि विभाग की यह नई तकनीक आम आदमी की जेब और शांति को 'मार' रही है।
"पूरे जिले में स्मार्ट मीटर लोगों के लिए जी का जंजाल बन गए हैं। विभाग जनता की समस्याओं का निस्तारण करने में पूरी तरह विफल रहा है। यह तकनीक जनता के लिए 'नासूर' बन चुकी है।"
— शैली शर्मा, व्यापारी नेता
चेतावनी: जल्द सुधार न हुआ तो होगा उग्र आंदोलन
व्यापारी नेताओं ने दो-टूक शब्दों में बिजली विभाग को चेतावनी दी है कि जनता का मानसिक और आर्थिक शोषण अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मांग की है कि:
खराब और तेज भाग रहे मीटरों को तत्काल बदला जाए।
बिलिंग प्रणाली में पारदर्शिता लाई जाए।
उपभोक्ताओं की शिकायतों का समय सीमा के भीतर निस्तारण हो।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यदि प्रशासन और बिजली विभाग ने जल्द ही व्यवस्था में सुधार नहीं किया, तो आने वाले दिनों में जिले भर में एक बड़ा और उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा। फिलहाल, इस अनोखे प्रदर्शन की चर्चा पूरे शहर में बनी हुई है