IPL 2026 शुरू होते ही सट्टा गिरोह भी एक्टिव हो गए।
IPL 2026 शुरू होते ही सट्टा गिरोह भी एक्टिव हो गए। इसी दौरान उत्तर प्रदेश के कानपुर में पुलिस ने एक बड़े ऑनलाइन सट्टा रैकेट का पर्दाफाश किया।
पुलिस ने छापा मारकर 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया, लेकिन इस गिरोह का मुख्य सरगना मनीष उर्फ प्रोफेसर अभी फरार है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।
छापे के दौरान पुलिस को गिरोह के पास से करीब ₹3.91 करोड़ नकद, मोबाइल फोन, लैपटॉप और कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण मिले। जांच में पता चला कि यह गैंग सिर्फ कानपुर तक सीमित नहीं था, बल्कि गुजरात समेत कई राज्यों में फैला हुआ था।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे ऑनलाइन ऐप और वेबसाइट के जरिए सट्टा आईडी बनाकर लोगों को देते थे। फिर अलग-अलग इलाकों से पैसे इकट्ठा करके इस अवैध धंधे को चलाते थे।
इस पूरे नेटवर्क का संचालन मनीष उर्फ प्रोफेसर कर रहा था। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है और बाकी जुड़े लोगों की तलाश कर रही है।
इस बड़ी कार्रवाई के बाद पुलिस आयुक्त ने टीम को ₹50,000 इनाम देने की घोषणा की है। साथ ही मामले की जानकारी आयकर विभाग को भी दे दी गई है।
घटना के बाद पूरे इलाके में पुलिस अलर्ट हो गई है और ऐसे अन्य सट्टा गिरोहों पर भी नजर रखी जा रही है, खासकर IPL के दौरान।
डिस्क्लेमर:
यह जानकारी पुलिस की प्रारंभिक जांच और आरोपियों के बयानों पर आधारित है। जांच पूरी होने के बाद ही अंतिम सत्य सामने आएगा।