ग्राम पंचायत गौरी श्रीराम माधोपुर में नालियों की बदहाली, ग्रामीणों के स्वास्थ्य पर संकट
विकास खंड दुदही के ग्राम पंचायत गौरी श्रीराम माधोपुर में नालियों की सफाई न होने से गंदगी का ढेर लग गया है। नालियों में जमा काला गंदा पानी, सड़ता कचरा और बदबू ने पूरे गांव को बीमारियों के चंगुल में झोंक दिया है। मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं खासकर प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि सफाईकर्मी नियमित सफाई की जगह केवल 3-4 महीने में एक बार नाममात्र की सफाई करके चले जाते हैं। IGRS पोर्टल पर शिकायत करने पर भी बिना ठोस कार्यवाही के शिकायत को “निस्तारित” दिखा दिया जाता है।
मिथिलेश पटेल ने IGRS पर शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन उन्होंने आरोप लगाया कि बिना नाली साफ कराए ही शिकायत का निस्तारण कर दिया गया।
स्थानीय ग्रामीण मिथिलेश पटेल, बजरंग बहादुर खरवार, चतुरी पटेल, पास्पति पटेल, रविन्द्र खरवार और अन्य गांववासियों ने बताया, “नालियां पूरे साल गंदगी से भरी रहती हैं। बच्चे लगातार बीमार पड़ रहे हैं। बदबू से सांस लेना भी मुश्किल हो गया है। प्रशासन सिर्फ कागजों पर कार्रवाई दिखाता है, हकीकत में कुछ नहीं होता।”
तस्वीरें खुद बयां कर रही हैं सच्चाई
गांव की मुख्य गलियों में बनी नालियों में जमा गाढ़ा काला कचरा, गंदा पानी और मच्छरों का प्रकोप साफ दिख रहा है। तस्वीर में ग्रामीणों के सामने एक मजदूर द्वारा की गई अस्थायी सफाई भी दिखाई दे रही है, जो समस्या की गंभीरता को उजागर करती है।
*ग्रामीणों की प्रमुख मांगें* 👇
ग्राम पंचायत में सप्ताह में कम से कम दो बार नियमित नाली सफाई की स्थायी व्यवस्था की जाए।
जिम्मेदार सफाईकर्मी और पंचायत अधिकारियों के खिलाफ तत्काल जांच एवं कार्यवाही हो।
IGRS पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का मौके पर जाकर सत्यापन किया जाए, न कि मात्र कागजी निस्तारण हो।
जिला प्रशासन तुरंत संज्ञान ले और समस्या का स्थायी समाधान करे।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो वे पूरे गांव के साथ जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।