शिवालिक कॉलेज में राष्ट्रीय हैकाथॉन ‘हैकनेशन’ का आयोजन, 36 घंटे तक चला नवाचार का संग्राम
शिवालिक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में एसीएम स्टूडेंट चैप्टर एवं सीबीआईआई के संयुक्त पर्यवेक्षण में 36 घंटे का राष्ट्रीय स्तर का हैकाथॉन ‘हैकनेशन’ आयोजित किया गया। 16 अप्रैल 2026 से प्रारंभ हुए इस भव्य तकनीकी आयोजन ने विद्यार्थियों के बीच नवाचार, रचनात्मकता और तकनीकी दक्षता का अद्भुत संगम प्रस्तुत किया।
इस आयोजन में देशभर के 18 राज्यों से 650 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें कुल 122 टीमों ने विभिन्न विषयों पर आधारित समस्याओं के समाधान प्रस्तुत करते हुए अपनी प्रतिभा का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। आईआईटी, आईआईएससी, एनआईटी, बिट्स सहित अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों के विद्यार्थियों की सहभागिता ने प्रतियोगिता को उच्च स्तर की प्रतिस्पर्धा प्रदान की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में भारत सरकार के उद्योग विभाग के उप निदेशक श्री राजेंद्र कुमार उपस्थित रहे, जिनका स्वागत संस्थान के निदेशक प्रो. डॉ. टी. एस. सिद्धू द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में नवाचार और तकनीकी सोच ही सफलता की कुंजी है तथा ऐसे आयोजन युवाओं को व्यावहारिक समाधान विकसित करने का सशक्त मंच प्रदान करते हैं।
हैकाथॉन के दौरान प्रतिभागियों ने स्मार्ट एग्रीकल्चर, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर, स्मार्ट हेल्थकेयर, क्लीन एवं ग्रीन टेक्नोलॉजी, स्मार्ट टूरिज्म, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं साइबर सिक्योरिटी तथा ओपन थीम जैसे सात प्रमुख क्षेत्रों में नवाचारी समाधान विकसित किए। यह प्रतियोगिता तीन चरणों में आयोजित की गई, जिसमें अंतिम चरण में चयनित टीमों ने अपने विचारों को वास्तविक प्रोटोटाइप के रूप में प्रस्तुत किया। इन मॉडलों ने तकनीकी समस्याओं के प्रभावी एवं व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत किए, जिन्हें निर्णायक मंडल द्वारा अत्यंत सराहा गया।
निर्णायक मंडल में विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थानों एवं उद्योगों से आए विशेषज्ञों—विवेक अग्रवाल (इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पेट्रोलियम), कुणाल पांडे (नुसम्मिट साइबर सिक्योरिटी प्रा. लि.), अर्पिता सिंह (अमेज़न), डॉ. सुमित गर्ग (सीईओ), डॉ. चंद्रदीप भट्ट (ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी) तथा डॉ. आशुतोष भट्ट (डिप्टी डायरेक्टर, सीडीओई, स्वामी राम हिमालयन यूनिवर्सिटी)— द्वारा प्रतिभागियों के प्रदर्शन का सूक्ष्म मूल्यांकन किया गया।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को ₹1.5 लाख तक के आकर्षक पुरस्कार प्रदान किए गए। साथ ही उन्हें एसीएम द्वारा अंतरराष्ट्रीय मान्यता, इन्क्यूबेशन सपोर्ट एवं सीड फंडिंग के अवसर भी उपलब्ध कराए गए, जिससे वे अपने प्रोजेक्ट्स को आगे बढ़ाकर व्यावसायिक स्तर तक विकसित कर सकें।
प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विजेताओं में देव पटेल (आर.एन.जी. पटेल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, गुजरात) को ₹50,000, कार्तिक (श्री राम ग्रुप ऑफ कॉलेजेज, मुजफ्फरनगर) को ₹30,000, शिवम द्विवेदी (कोएर विश्वविद्यालय, रुड़की) को ₹20,000, अखिल मिश्रा (शिवालिक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, देहरादून) एवं अंश सचदेवा (क्वांटम विश्वविद्यालय, देहरादून) को ₹10,000-₹10,000 का पुरस्कार प्रदान किया गया।
इस अवसर पर डीन अकादमिक डॉ. सुरमधुर पंत ने विद्यार्थियों के प्रयासों, समर्पण और नवाचार क्षमता की सराहना करते हुए उन्हें भविष्य में तकनीकी क्षेत्र में अग्रणी बनने तथा उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। अपने धन्यवाद ज्ञापन में उन्होंने प्रबंधन, संकाय सदस्यों एवं विद्यार्थियों के सहयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ‘हैकनेशन’ केवल नवाचार का मंच नहीं, बल्कि विचारों को साकार करने की प्रक्रिया का उत्सव है, जहाँ विद्यार्थी अपने सपनों को वास्तविकता में बदलने की दिशा में अग्रसर होते हैं।
आयोजन को सफल बनाने में अजय वर्मा, क्षितिज जैन, आशीष कुमार गुप्ता, मुकेश पांडे, सैयद अमान हसन सहित समस्त संकाय एवं स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए तकनीकी नवाचार, रचनात्मक सोच, टीमवर्क एवं उद्यमिता को प्रोत्साहित करने का एक सशक्त मंच बनकर उभरा और समग्र रूप से यह कार्यक्रम अत्यंत सफल रहा।