किशनसागर तालाब का होगा जीर्णोद्धार: रैन बसेरा उद्यान भी पर्यटन स्थल के रूप में विकसित होगा, अधिकारियों ने किया मौका निरीक्षण
झालावाड़ के कोटा रोड पर स्थित किशन सागर तालाब और रैन बसेरा उद्यान का जीर्णोद्धार किया जाएगा। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने शुक्रवार को मौके पर पहुंचकर तालाब का निरीक्षण किया। इस ऐतिहासिक स्थल को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है।
जल संसाधन विभाग, झालावाड़ के अधीक्षण अभियंता (एसई) डी.एन. शर्मा ने दोपहर बाद किशन सागर तालाब का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
एसई शर्मा ने बताया कि किशन सागर तालाब पर स्थित रैन बसेरा का निर्माण मूल रूप से देहरादून के फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टीट्यूट द्वारा लकड़ी से किया गया था। इसे वर्ष 1937 में महाराज राजेंद्र सिंह लखनऊ की एक प्रदर्शनी से झालावाड़ लाए थे। वर्ष 2012 में अज्ञात कारणों से आग लगने के कारण यह नष्ट हो गया था। अब पर्यटन विभाग द्वारा पीडब्ल्यूडी के माध्यम से इसका पुनर्निर्माण कराया जा रहा है।
इस ऐतिहासिक स्थल के महत्व को देखते हुए पंचायती राज से तालाब को जल संसाधन विभाग को हस्तांतरित किया गया है। विभाग ने बजट घोषणा वर्ष 2026-27 के तहत किशन सागर तालाब की मरम्मत और जीर्णोद्धार का कार्य करने की योजना बनाई है। यह कार्य शीघ्र ही शुरू किया जाएगा।
निरीक्षण के दौरान, एसई शर्मा ने अधिकारियों को किशन सागर तालाब के आसपास सफाई कराने, एक उद्यान विकसित करने, चारदीवारी बनाने और नहरों की मरम्मत करने के निर्देश दिए। उन्होंने रैन बसेरा को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने पर जोर दिया, ताकि यह झालावाड़ जिले की पहचान बन सके और पर्यटन क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर सके।
निरीक्षण के समय एसई महेंद्र सिंह, अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) जीतराम मीणा और अन्य विभागीय अभियंता भी मौजूद रहे।
Aima media jhalawar