बेगूसराय/चेरिया बरियारपुर:
चेरिया बरियारपुर प्रखंड अंतर्गत सकरबासा पंचायत में निर्माणाधीन पुस्तकालय भवन में भारी अनियमितताओं का मामला सामने आया
बेगूसराय/चेरिया बरियारपुर:
चेरिया बरियारपुर प्रखंड अंतर्गत सकरबासा पंचायत में निर्माणाधीन पुस्तकालय भवन में भारी अनियमितताओं का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों और स्थल से मिली तस्वीरों के आधार पर निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार की लापरवाही के कारण भवन का काम मानकों के अनुरूप नहीं हो रहा है।
मौके से सामने आई तस्वीरों में दीवारों का प्लास्टर कई जगह से उखड़ा हुआ दिख रहा है, सतह असमान है और कुछ स्थानों पर ईंटें भी झलक रही हैं। दीवारों पर सीमेंट के बहाव के निशान साफ नजर आते हैं, जो कार्य में लापरवाही और तकनीकी मानकों की अनदेखी का संकेत देते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सबसे गंभीर गड़बड़ी फर्श निर्माण में देखने को मिली है। आरोप है कि नीचे उचित ढलाई (कंक्रीट बेस) किए बिना ही सीधे टाइल बिछा दी गई है। विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह का निर्माण टिकाऊ नहीं होता और कुछ ही समय में फर्श टूटने या धंसने की आशंका बनी रहती है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि इस योजना का निर्माण कार्य जिला पार्षद संजीव शर्मा की देखरेख में कराया जा रहा है। हालांकि, इस पूरे मामले में उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनकी ओर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला है। इससे ग्रामीणों में असंतोष और भी बढ़ गया है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि इस संबंध में प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को भी अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई जांच या कार्रवाई नहीं की गई है। अधिकारियों की इस चुप्पी से यह सवाल उठने लगा है कि क्या मामले को जानबूझकर नजरअंदाज किया जा रहा है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुस्तकालय जैसे महत्वपूर्ण सार्वजनिक भवन में अगर शुरुआत से ही इस तरह की अनियमितता होगी, तो इसका सीधा असर शिक्षा व्यवस्था और आम जनता पर पड़ेगा। सरकारी राशि खर्च होने के बावजूद गुणवत्तापूर्ण निर्माण न होना गंभीर चिंता का विषय है।
ग्रामीणों की प्रमुख मांगें:
निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए
ठेकेदार की भूमिका की जांच कर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाए
तकनीकी मानकों के अनुसार पुनः कार्य कराया जाए
संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाए
फिलहाल, इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, तो यह मामला और तूल पकड़ सकता है तथा जनआंदोलन का रूप भी ले सकता है।
चेरिया बरियारपुर से अरुण साह की रिपोर्ट 9955835320