वस्तु विनिमय आज भी अंतरराष्ट्रीय व्यापार में चलन में है
*कभी जमाना था,वस्तु विनिमय अर्थशास्त्र का आधार हुआ करता था* आज की पीढ़ी को वस्तु विनिमय का ABC भी नहीं पता, वस्तु विनिमय का अर्थ है एक समान लेना व बदले में दूसरा सामान देना, पैसे का चलन पुरातन समय में नहीं होता था, आज वस्तु विनिमय किसी भी देश में प्रचलित में नहीं है, यह व्यापार वर्तमान में नागरिकों के लिए गोण व शुन्य हैं, किंतु इंटरनेशनल व्यापार में आज भी वस्तु विनिमय प्रचलन में है, आज युद्ध की स्थिति में ईरान को बहुत से देश हथियार दे रहे हैं और बदले में तेल की मांग रखते हैं, इतना ही नहीं बड़े और विकसित देश भी वस्तु विनिमय में आयात-निर्यात करते हैं, लोकल स्तर पर वस्तु विनिमय शुन्य किंतु अंतर्राष्ट्रीय व्यापार में यह आज भी चलन में है। अवतोष शर्मा स्वतंत्र लेखक