पति की दूसरी शादी पर बवाल: दहेज मांग, मारपीट और जांच में लापरवाही के आरोप
पीड़िता ने डीएम से लगाई न्याय की गुहार, निष्पक्ष पुनः जांच कराने की मांग
शाहजहांपुर। आरसी मिशन थाना क्षेत्र की एक महिला ने पति की दूसरी शादी, दहेज उत्पीड़न और पुलिस विवेचना में लापरवाही के गंभीर आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता ने जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह को प्रार्थना पत्र सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष पुनः जांच किसी राजपत्रित अधिकारी से कराए जाने की मांग की है।
पीड़िता के मुताबिक उसकी शादी 7 मई 2019 को गांव चौढ़रा निवासी गया प्रसाद के पुत्र विवेक के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी। विवाह के दौरान उसके परिजनों ने अपनी क्षमता के अनुसार खर्च किया, लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही पति और ससुराल पक्ष की ओर से दो लाख रुपये नकद और एक कार की मांग की जाने लगी। आरोप है कि मांग पूरी न होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया।
महिला का कहना है कि ससुराल पक्ष ने उसे धमकी दी थी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं तो विवेक की दूसरी शादी कर दी जाएगी। कुछ समय बाद उसके साथ मारपीट कर उसे घर से निकाल दिया गया। पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद उसके पति ने रिंकी नाम की युवती से मंदिर में दूसरी शादी कर ली।
पीड़िता ने बताया कि उसने मामले की शिकायत थाने में दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस की विवेचना निष्पक्ष नहीं रही। उसका आरोप है कि विवेचकों ने अहम साक्ष्यों को नजरअंदाज करते हुए आरोपियों को लाभ पहुंचाने का प्रयास किया। इतना ही नहीं, गंभीर धाराओं को हटाकर कमजोर चार्जशीट अदालत में दाखिल कर दी गई।
महिला ने यह भी दावा किया कि उसने दूसरी पत्नी के गर्भवती होने से जुड़े प्रमाण पुलिस को सौंपे थे, लेकिन उन्हें भी विवेचना का हिस्सा नहीं बनाया गया। इससे उसे न्याय मिलने की उम्मीद कम हो गई है।
पीड़िता ने जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह और पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित से मांग की है कि पूरे मामले की दोबारा निष्पक्ष जांच कराई जाए और लापरवाही बरतने वाले विवेचकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि उसे न्याय मिल सके।