भाजपा ने 1.65 लाख युवाओं को बिना एक रुपया लिए दी नौकरी, फिर सरकार बनी तो 2 लाख और भर्ती: हिमंत बिस्वा सरमा
डिजिटल डेस्क | असम | 2 अप्रैल 2026
असम में चुनावी सरगर्मी अपने चरम पर है और सभी राजनीतिक दल जोर-शोर से प्रचार में जुटे हुए हैं। इसी बीच मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने चुनावी मंच से कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए रोजगार के मुद्दे पर बड़ा दावा किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ता जैसी छोटी नौकरियों के लिए भी 1 से 2 लाख रुपये तक रिश्वत देनी पड़ती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि APS और ACS जैसी प्रतिष्ठित सरकारी सेवाओं में नौकरी पाने के लिए कांग्रेस के समय 1 करोड़ रुपये तक वसूले जाते थे।
इसके विपरीत, हिमंत ने भाजपा सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि उनकी सरकार ने अब तक 1 लाख 65 हजार लड़के-लड़कियों को बिना एक रुपया लिए सरकारी नौकरी दी है। उन्होंने जोर देकर कहा, “हमने किसी से सुपारी का पत्ता तक नहीं खाया। पूरी भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी और मेरिट के आधार पर की गई।”
मुख्यमंत्री ने आगे बड़ा चुनावी वादा करते हुए कहा कि अगर राज्य में भाजपा की सरकार दोबारा बनती है, तो अगले कार्यकाल में 2 लाख और युवाओं को सरकारी नौकरी दी जाएगी। इस बयान के बाद चुनावी माहौल में रोजगार का मुद्दा और गरमा गया है, जिसे भाजपा अपने बड़े हथियार के रूप में पेश कर रही है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि युवाओं और सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे छात्रों को साधने के लिए भाजपा रोजगार के आंकड़ों को प्रमुख चुनावी मुद्दा बना रही है, जबकि कांग्रेस इन दावों को चुनावी जुमला बता रही है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा चुनावी बहस का केंद्र बन सकता है।