15वीं राष्ट्रीय निबंध प्रतियोगिता के परिणामों की घोषणा
परतापुर की दीक्षिता डबगर ने जीता भारत गौरव पट्टाचार्य अभिनंदन सागर जी अवार्ड
परतापुर : चारित्र चक्रवर्ती आचार्य श्री शान्तिसागर की अक्षुण्ण मुलपट्ट परंपरागत षष्टम पट्टाधीश भारत गौरव भगवन श्री अभिनंदन सागर की जन्म जयंती एवं बालयोगिनी,आगम उपासिका,प्रखर वक्ता,वात्सलय निधि गणिनी आर्यिका श्री सुभूषणमती माताजी की 42वी दीक्षा जयंती के अवसर पर स्वाध्याय एवम् सुसंस्कारों के शंखनाद हेतु सत्र 2025- 26 में 15 वी राष्ट्रीय निबंध प्रतियोगिता में धार्मिक विषय -"जल गालन धार्मिक एवं वैज्ञानिक परिप्रेक्ष्य में " एवं सामान्य विषय "युद्ध एवं आतंकवाद पर नियंत्रण हेतु अहिंसा की आवश्यकता " विषय पर निबंध प्रतियोगिता के परिणामों की घोषणा मंगलवार को की गई।यह जानकारी देते हुए प्रांतीय संयोजक कमलेश कुमार जैन ने बताया कि 15वीं राष्ट्रीय निबंध प्रतियोगिता में प्रथम विजेता महावीर दीपचंद ढ़ोले का चारित्र चक्रवर्ती आचार्य शांति सागर जी अवार्ड के तहत 11001 रुपए व प्रशस्ति पत्र के लिए ,द्वितीय विजेता दीक्षिता डबगर पुत्री रविन्द्र डबगर निवासी परतापुर को भारत गौरव पट्टाचार्य अभिनंदन सागर अवार्ड के तहत 9001 रुपए एवं प्रशस्ति पत्र के लिए एवं तृतीय विजेता संजय जैन नई दिल्ली को समाधिस्थ गुरु दयासागर जी अवार्ड के तहत 7001 रुपए नगद व प्रशस्ति प्रदान के लिए चयन हुआ। राष्ट्रीय निबन्ध प्रतियोगिता में कुल 1455 प्रतियोगियों ने भाग लिया।जिसमें एल बी एस टी टी कॉलेज गनोड़ा से जीनल रावल,आंशी दर्जी , भारती जैन,भूमिका भेदोत , विवेकानंद महाविद्यालय से निरमा ताबियार ,नौगामा से केसरीमल पंचोरी ,सलूंबर से प्रिंस जैन,दिलीप जैन,जीविका गांचा,रीना जैन, ऊषा जैन,मनीष जानवी, जैताना से रानी जैन ,खेड़ब्रह्मा से रुत्वि चौहान , ध्रुवी रावल, आकांक्षा जैन मुजफ्फर नगर,वीरेंद्र जैन वाराणसी ,आरती जैन धुले महाराष्ट्र का विशिष्ट पुरस्कार के लिए चयन हुआ है। निबंध प्रतियोगिता में 406 प्रतियोगियों को सांत्वना पुरस्कार के चयन हुआ है। निबंध प्रतियोगिता की प्रबंध संयोजिका अंजलि जैन ने बताया कि उत्तर प्रदेश संयम भारती परिवार खतौली द्वारा विजेताओं को मई में गुरु मां बालयोगिनी गणिनी आर्यिका रत्न सुभूषण मति माताजी के दीक्षा दिवस पर सम्मानित किया जाएगा।