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(लीड) नालंदा शीतला माता मंदिर भगदड़: अबतक 9 की मौत, गर्मी और भीड़ बनी हादसे की वजह

-एसआईटी जांच शुरू

पटना, 31 मार्च (हि.स.)। बिहार में नालंदा जिले के शीतला माता मंदिर में भगदड़ में 9 लोगों की अबतक मौत हो गई है, जबकि 7 लोग घायल हुए हैं। नालंदा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने बताया कि गर्मी और भीड़ की वजह से घटना हुई है। हादसे की जांच के लिए गठित एसआईटी ने छानबीन शुरू कर दी है।

एसपी भारत सोनी के अनुसार, अत्यधिक गर्मी और भारी भीड़ इस हादसे की मुख्य वजह रही। उन्होंने बताया कि ठंडे पानी में स्नान के बाद जब महिलाएं मंदिर परिसर में प्रवेश कर रही थीं, तभी दम घुटने और पानी की कमी के कारण कई महिलाएं बेहोश होकर गिरने लगीं। इससे अफरा-तफरी मच गई और भीड़ बेकाबू हो गई, जिसके चलते यह दुखद घटना घटी।

एसपी ने बताया कि हादसे में 9 लोगों की मौत हो गई। भीड़ में दबने से श्रद्धालुओं की मौत हुई है, जबकि एक पुरुष ने अस्पताल में दम तोड़ा। उन्होंने कहा कि मंदिर में पहले से चौकीदारों की तैनाती थी, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में भीड़ आने की पूर्व सूचना नहीं थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन कर दिया गया है। एफएसएल टीम भी मौके पर पहुंच गई है और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की लापरवाही सामने आने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जिलाधिकारी (डीएम) कुंदन कुमार ने बताया कि घटना के बाद तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। मृतकों के परिजनों को 6-6 लाख रुपये मुआवजा दे दिया गया है। अब तक 8 में से 7 मृतकों की पहचान हो चुकी है। उन्होंने यह भी बताया कि 7 घायल लोगों का इलाज चल रहा है, जिनमें से सभी की हालत स्थिर है, जबकि एक को बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया है। दीपनगर थाने के एसएचओ राजमणि को निलंबित कर दिया गया है।

मृतकों की सूचीरीता देवी (बिहारशरीफ)रेखा देवी (नूरसराय)अनुष्का (देवी रहुई)कांति देवी (नवादा)देवंती देवी (इस्लामपुर)मालो देवी (हिलसा)चिंता देवी (रहुई)कांति देवी (दीपनगर)गुड़िया देवी (सालूगंज मोहल्ला) के रूप में हुई है।

स्धानीय लोगों का आरोप है कि मंदिर परिसर में न तो सुरक्षा का कोई इंतजाम था और न ही भीड़ को नियंत्रित करने के लिए किसी पुलिसकर्मी को तैनात किया गया था। मेले की पहले से जानकारी होने के बाद भी प्रशासन की तरफ से यहां किसी मजिस्ट्रेट को तैनात नहीं किया गया था। घटना स्थल से 30 किलोमीटर की दूरी पर राष्ट्रपति आने वाली थीं, वहां 8 जिले के ढाई हजार जवान तैनात किए गए थे।

इस बीच केंद्र और राज्य सरकार ने पीड़ितों के परिवारों को अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पीएम राहत कोष (पीएमएनआरएफ)से मृतकों के परिवारों को 2 लाख और घायलों को 50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है, जबकि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मृतकों के आश्रितों को आपदा प्रबंधन विभाग से 04-04 लाख रुपये एवं मुख्यमंत्री राहत कोष से (सीएमडीआरएफ ) 02-02 लाख रुपये (कुल 06 लाख रुपये) अनुग्रह अनुदान देने का निर्देश दिया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर वरीय अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गये हैं। राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हुये हैं।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने माता शीतला देवी मंदिर में हुये भगदड़ में श्रद्धालुओं की मौत पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने कहा, " यह घटना काफी दुखद है और मैं इससे मर्माहत हूं।"

बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने भी हादसे पर दुख जाहिर किया है। उन्होंने कहा "नालंदा के मघड़ा स्थित माता शीतलाष्टमी मंदिर में हुई भगदड़ की यह अत्यंत दुःखद एवं हृदय विदारक घटना हम सभी के लिए गहरी पीड़ा का विषय है। इस दुर्भाग्यपूर्ण हादसे में अपने प्राण गंवाने वाले श्रद्धालुओं को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। साथ ही, घायल हुए सभी भक्तों के शीघ्र एवं पूर्ण स्वस्थ होने की कामना करता हूं। इस कठिन समय में राज्य सरकार और हम सभी उनके साथ मजबूती से खड़े हैं।"

बिहार सरकार में मंत्री विजय चौधरी ने नालंदा कि घटना को अत्यंत दुःखद बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने इस घटना को गंभीरता से लिया है। घायलों को सरकारी खर्चे पर इलाज की सुविधा दी जा रही है।

बिहार भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने नालंदा के मघड़ा के शीतला माता मंदिर में भगदड़ मचने से श्रद्धालुओं की मृत्यु और कई लोगों के घायल होने की घटना पर शोक संवेदना प्रकट की है। उन्होंने कहा कि यह घटना अत्यंत पीड़ादायक एवं दुर्भाग्यपूर्ण है, जिसने हम सभी को मर्माहत कर दिया है।

जनता दल (यूनाइटेड) के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने नालंदा स्थित माता शीतला मंदिर में हुई भगदड़ की घटना में जान गंवाने वाले श्रद्धालुओं के प्रति गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने इस हादसे को हृदयविदारक बताते हुए कहा कि यह घटना अत्यंत पीड़ादायक है और इससे समाज के सभी लोग मर्माहत हैं।

तेजस्वी यादव ने अपने फेसबुक हेंडल पर लिखा, "नालंदा के मघड़ा स्थित माता शीतला मंदिर में प्रशासनिक कुव्यवस्था के कारण हुई भगदड़ की हृदयविदारक घटना में श्रद्धालुओं की मृत्यु का समाचार अत्यंत दुखद है। ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। शोकाकुल परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं।"

तेजस्वी ने कहा, " राज्य सरकार और जिला प्रशासन से आग्रह है कि घायलों के समुचित इलाज, मृतकों के परिजनों को तत्काल सहायता और घटना की उच्चस्तरीय जांच सुनिश्चित कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए, भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।"

बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजेश राम ने राज्य सरकार को इसके लिए पूरी तरह जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि भाजपा-जदयू की सरकार श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पूरी तरह विफल रही है।

बहरहाल, नालंदा का यह हादसा न सिर्फ प्रशासनिक तैयारियों पर सवाल खड़े करता है, बल्कि बड़े धार्मिक आयोजनों में भीड़ प्रबंधन की चुनौतियों को भी उजागर करता है। फिलहाल पीड़ित परिवारों को सहायता पहुंचाने और घटना की निष्पक्ष जांच पर प्रशासन का पूरा फोकस है, जबकि पूरे राज्य में इस घटना को लेकर शोक की लहर है।

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