गरीबी पर भारी पड़ा हौसला: सोनू मेहरा ने रचा इतिहास
राजस्थान के टोंक जिले (मूल रूप से बड़ागांव) के रहने वाले होनहार छात्र सोनू मेहरा ने 12वीं बोर्ड परीक्षा में गणित-विज्ञान संकाय में 99.80% अंक हासिल कर पूरे प्रदेश में अपनी प्रतिभा का परचम लहरा दिया है।
15 साल की मेहनत लाई रंग
जयपुर के वाटिका इलाके में रहकर पढ़ाई कर रहे सोनू की इस अभूतपूर्व सफलता से परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई है।
पिता की मेहनत बनी प्रेरणा
सोनू के पिता विनोद मेहरा दिहाड़ी मजदूर हैं, जो इमारतों में पेंटिंग का काम करते हैं। खुद पढ़ाई पूरी न कर पाने वाले विनोद ने अपने बेटे को शिक्षित करने के लिए दिन-रात मेहनत की।
पिता बोले:
"मैं खुद पढ़ नहीं पाया, लेकिन बच्चों को अच्छी शिक्षा दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करता हूं। सोनू ने मेरा सपना पूरा कर दिया।"
संघर्ष से सफलता तक का सफर
आर्थिक तंगी के चलते सोनू को 8वीं के बाद प्राइवेट स्कूल छोड़कर सरकारी स्कूल में पढ़ना पड़ा, लेकिन उसने अपनी मेहनत और लगन से हर मुश्किल को पार कर लिया।
प्रदेश के लिए बना मिसाल
सोनू मेहरा की यह सफलता साबित करती है कि अगर हौसले बुलंद हों, तो कोई भी मुश्किल सपनों की उड़ान को रोक नहीं सकती।