22 गोदाम पर करतारपुरा मैं स्थित रेलवे की लॉन्ड्री के खिलाफ जनता के द्वारा धरना प्रदर्शन हुआ
*करतारपुरा में स्थित रेलवे की लॉन्ड्री के खिलाफ फूटा स्थानीय लोगों का आक्रोश*
*कई वर्षों से केंद्र एवं राज्य सरकार को कर रहे शिकायत, नहीं हो रहा कोई समाधान*
*अवैध लॉन्ड्री के प्रदूषण से परेशान आमजन अब आरपार लड़ाई के मूड में*
*स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को लॉन्ड्री के धुएं से हो रही अत्यधिक परेशानी*
*अवैध निर्माण, अवैध बिजली कनेक्शन और अवैध बॉयलर से निर्मित है लॉन्ड्री*
*सभी विभागों के अधिकारियों की मिलीभगत हो रही है उजागर*
जयपुर, 29 मार्च 2026
उत्तर पश्चिम रेलवे ने जयपुर नगर निगम के करतारपुरा क्षेत्र, वार्ड सं. 144 में रेलवे लाइन के किनारे व सरकारी स्कूल के सामने रिहायशी कॉलोनी में अवैध बूट लॉन्ड्री की फैक्ट्रियां लगा रखी हैं जिनसे स्थानीय जनता विशेषकर वृद्धों, महिलाओं एवं बच्चों को स्वास्थ्य एवं श्वास संबंधी काफी समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं।
रिहायशी इलाके में रेलवे की जमीन पर अवैध रूप से बगैर भू-रूपान्तरण कराये बूट लॉन्ड्री की फैक्ट्रियां लगा रखी हैं। ये लॉन्ड्री रिहायशी इलाके में होने पर भी नियमविरुद्ध प्रतिदिन निरन्तर 24 घंटे चलती हैं।
इसकी चिमनी से आसपास की कॉलोनियों में रोजाना काफी जहरीला धुआं, मशीनों से रसायनयुक्त पानी और वायु व ध्वनि प्रदूषण फैलता है। इससे स्थानीय निवासी अत्यधिक परेशान है।
इस बूट लॉन्ड्री के बिल्कुल सामने महज 15 मीटर की दूरी पर ही राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय करतारपुरा स्थित है जिसमें पढ़ने वाले बच्चे रोजाना प्रदूषित वायु एवं फैक्ट्री के शोर से काफी परेशान हैं एवं बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
लॉन्ड्री में अवैध रूप से बॉयलर भी लगा रखा है जो कि नियमानुसार आवासीय क्षेत्र में नहीं लग सकता है।
अब नई 2 यूनिटों में भी अवैध रूप से 2 बॉयलर स्थापित किये गये हैं।
लॉन्ड्री की फैक्ट्रियों में नियमानुसार वाटर ट्रीटमेन्ट प्लांट (WTP) का प्रावधान आवश्यक है, लेकिन इस लॉन्ड्री में शुरुआत से ही WTP का केवल ढांचा बना हुआ है इसको संचालित नहीं किया जा रहा है। WTP के संचालन में न होने से रसायनयुक्त गन्दा पानी करतारपुरा नाले (द्रव्यवती नदी की सहायक) में डालकर जल प्रदूषण भी किया जा रहा है। लॉन्ड्री की नई 2 यूनिटों में तो WTP का ढांचा भी नहीं बनाया गया है फिर भी फैक्ट्री एवं बॉयलर विभाग इनको बॉयलर लगाने के लिए अनापत्ति दे रहा है।
जयपुर के मास्टर प्लान में अभी भी इस लॉन्ड्री की भूमि को रिहायशी ही दिखाया जा रहा है। लेकिन फिर भी जयपुर विद्युत वितरण निगम द्वारा फैक्ट्रियों के लिए अवैध रूप से नियमों के परे जाकर मिलीभगत से अवैध लॉन्ड्री को व्यवसायिक विद्युत कनेक्शन दिए गए हैं।
राजस्थान राज्य प्रदूषण मंडल को कई वर्षों से लॉन्ड्री की फैक्ट्रियों के प्रदूषण से परेशान स्थानीय निवासी शिकायत कर रहे हैं लेकिन उनके द्वारा भी महज कागजी खानापूर्ति करके कोई उचित कार्यवाही नहीं की जा रही है। उस फैक्ट्री के कारण दुर्गापुरा से बाईस गोदाम जाने वाली मुख्य सड़क पर आए दिन जाम लगते रहते हैं।
इस अवैध लॉन्ड्री से परेशान स्थानीय निवासी कई वर्षों से केन्द्र सरकार, रेलवे, प्रदूषण बोर्ड, मुख्यमंत्री कार्यालय और राज्य सरकार को शिकायत कर रहे हैं, परन्तु अभी तक किसी के द्वारा भी कार्यवाही नहीं की गई।
उपरोक्त समस्याओं से परेशान होकर न्याय की आस में आज दिनांक 29 मार्च को लगभग 200 स्थानीय निवासियों ने करतारपुरा व्यापार मंडल के अध्यक्ष श्री कमल किशोर सैनी एवं सलाहकार एडवोकेट श्री सत्यनारायण जांगिड़ के नेतृत्व में हस्ताक्षर अभियान चलाया एवं लॉन्ड्री के बाहर विरोध प्रदर्शन किया।