मेगा विधिक जागरूकता शिविर आयोजित, वृद्धजनों को अधिकारों की दी गई जानकारी
स्वास्थ्य परीक्षण कर रोगोपचार दवाइयां वितरित की गई ।
राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के निर्देशन में एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री शेख सलीम के मार्गदर्शन में आज शुक्रवार को श्री हरि वृद्धाश्रम में मेगा विधिक जागरूकता शिविर एवं स्वास्थ्य परीक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस शिविर का आयोजन स्वास्थ्य विभाग, सामाजिक न्याय विभाग, पुलिस विभाग एवं नगरपालिका विदिशा के संयुक्त सहयोग से किया गया, जिसमें विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
कार्यक्रम में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री शेख सलीम, विशेष न्यायाधीश श्री जी.सी. शर्मा, जिला न्यायाधीश श्री मनोज शर्मा, जिला न्यायाधीश श्री कंचन सक्सेना, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री नितेन्द्र सिंह तोमर, न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री साकेत जैन सहित श्री हरि वृद्धाश्रम के संचालक श्री वेदप्रकाश शर्मा एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री शेख सलीम ने कहा कि “मानव धर्म सबसे श्रेष्ठ धर्म है। माता-पिता भगवान के समान होते हैं, इसलिए वृद्धावस्था में उन्हें वृद्धाश्रम में छोड़ने के बजाय उनकी सेवा करना प्रत्येक संतान का कर्तव्य है।” उन्होंने उपस्थित वृद्धजनों को उनके विधिक अधिकारों की विस्तृत जानकारी भी प्रदान की।
विशेष न्यायाधीश श्री जी.सी. शर्मा द्वारा वृद्धजनों को शॉल, श्रीफल एवं स्वच्छता किट वितरित की गई, जिससे उन्हें सम्मान और सहयोग का संदेश मिला। शिविर के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए, जहां उपस्थित लोगों को विधिक सहायता, सामाजिक योजनाओं एवं स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित जानकारी दी गई। साथ ही वृद्धजनों का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया गया।
कार्यक्रम के अंत में श्री हरि वृद्धाश्रम के संचालक श्री वेदप्रकाश शर्मा ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण विदिशा द्वारा समय-समय पर वृद्धाश्रम को सहयोग प्रदान किया जाता रहा है, जो अत्यंत सराहनीय है।
यह शिविर न केवल विधिक जागरूकता बढ़ाने में सहायक रहा, बल्कि समाज में बुजुर्गों के प्रति सम्मान और जिम्मेदारी का संदेश भी देने में सफल रहा।