इस प्रकार हो रही है लोकतंत्र की हत्या
पत्रकार भाई रवि गर्ग वंशी को दिल्ली पुलिस ने नोटिस के बहाने दिल्ली बुलाकर तिहाड़ जेल भेज दिया इसकी मैं घोर निंदा करती हूं अब तो संविधान का कोई मतलब ही नहीं रह गया एक निष्पक्ष पत्रकार के साथ इतना गलत दिल्ली पुलिस कैसे कर सकती है क्या किसी का आवाज उठाना पत्रकार के हित में नहीं क्या पत्रकार जनता की आवाज नहीं उठा सकती है यह तो सरासर गुंडागर्दी है इसकी में घोर से घोर निंदा करता हूं