डिप्टी मेयर अरुण चौहान की बढ़ीं मुश्किलें, चुनाव रद्द करने की याचिका पर कोर्ट ने जारी किया नोटिस
धनबाद | 24 मार्च 2026-:धनबाद नगर निगम के नवनियुक्त डिप्टी मेयर अरुण कुमार चौहान की कानूनी मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। उनके पार्षद निर्वाचन को रद्द करने की मांग को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए धनबाद की अवर न्यायाधीश अदालत ने मामले को स्वीकार कर लिया है और उनके खिलाफ नोटिस जारी करने का आदेश दिया है।
चुनाव हारने वाली प्रत्याशी ने दायर की याचिका
वार्ड नंबर 7 से चुनाव हार चुकीं नेहा कुमारी ने 18 मार्च 2026 को यह याचिका दाखिल की थी। उनकी ओर से अधिवक्ता पंकज प्रसाद और के.के. तिवारी ने कोर्ट में दलील दी कि नामांकन के दौरान अरुण चौहान ने अपने शपथ पत्र में केवल 3 आपराधिक मामलों का उल्लेख किया, जबकि लोयाबाद थाना क्षेत्र में उनके खिलाफ कुल 7 मामले लंबित हैं।
शपथ पत्र में जानकारी छिपाने का आरोप
याचिका में आरोप लगाया गया है कि शपथ पत्र में पूरी जानकारी न देना झारखंड म्यूनिसिपल एक्ट 2011 का उल्लंघन है और यह मतदाताओं के साथ धोखाधड़ी के समान है। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के 2002 के उस ऐतिहासिक फैसले का भी हवाला दिया गया, जिसमें उम्मीदवारों के लिए सभी आपराधिक मामलों का खुलासा करना अनिवार्य बताया गया था।
अब आगे क्या?
अदालत द्वारा नोटिस जारी होने के बाद अब अरुण चौहान को अपना जवाब दाखिल करना होगा। अगली सुनवाई में दोनों पक्षों की दलीलें सुनी जाएंगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए यदि आरोप सिद्ध होते हैं, तो चुनाव रद्द होने तक की कार्रवाई संभव है।
पारदर्शिता का बड़ा मुद्दा
यह मामला केवल एक चुनावी विवाद नहीं, बल्कि चुनावी पारदर्शिता और ईमानदारी से जुड़ा अहम मुद्दा बनता जा रहा है। इसका असर भविष्य के चुनावों और उम्मीदवारों की जवाबदेही पर भी पड़ सकता है।