गिरिडीह में लिथियम भंडार की पुष्टि, सर्वे में जुटी Geological Survey of India की टीम
गिरिडीह मनोज कुमार
झारखंड के गिरिडीह जिले से एक बेहद महत्वपूर्ण और राष्ट्रीय स्तर की खबर सामने आई है। जिले के तिसरी प्रखंड अंतर्गत असुरहड्डी जंगल क्षेत्र में लिथियम के भंडार मिलने की सूचना ने पूरे क्षेत्र में उत्साह और जिज्ञासा बढ़ा दी है। इस बहुमूल्य खनिज की मौजूदगी की खबर मिलते ही Geological Survey of India (GSI) की टीम सक्रिय हो गई है और पिछले दो दिनों से लगातार इलाके में विस्तृत सर्वेक्षण कार्य कर रही है।
जानकारी के अनुसार, तिसरी के घने जंगलों में प्रारंभिक जांच के दौरान लिथियम के संकेत मिले हैं। इसके बाद केंद्र सरकार की प्रमुख भूवैज्ञानिक संस्था की टीम मौके पर पहुंचकर वैज्ञानिक तरीके से परीक्षण और नमूना संग्रह का कार्य कर रही है। सर्वेक्षण के माध्यम से यह पता लगाया जा रहा है कि जमीन के भीतर लिथियम का भंडार कितना बड़ा और कितना व्यावसायिक रूप से उपयोगी है।
इस महत्वपूर्ण खोज की पुष्टि करते हुए गिरिडीह के उपायुक्त रामनिवास यादव ने कहा कि यह जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि साबित हो सकती है। उन्होंने बताया कि फिलहाल सर्वेक्षण जारी है और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक भंडारण की मात्रा स्पष्ट हो पाएगी।
लिथियम एक अत्यंत महत्वपूर्ण खनिज है, जिसका उपयोग मुख्य रूप से इलेक्ट्रिक वाहनों की बैटरियों, मोबाइल फोन, लैपटॉप और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में किया जाता है। ऐसे में गिरिडीह में इसके भंडार मिलने की संभावना न सिर्फ झारखंड बल्कि पूरे देश के लिए आर्थिक और औद्योगिक दृष्टिकोण से बेहद अहम मानी जा रही है।
यदि सर्वेक्षण में बड़े पैमाने पर लिथियम भंडार की पुष्टि होती है, तो आने वाले समय में गिरिडीह एक महत्वपूर्ण औद्योगिक केंद्र के रूप में उभर सकता है। इससे क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और स्थानीय विकास को भी गति मिलेगी।
फिलहाल सभी की निगाहें सर्वे टीम की अंतिम रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं, जो इस संभावित खनिज संपदा की वास्तविक तस्वीर सामने लाएगी।