शहीद दिवस पर विश्व हिंदू महासंघ की बड़ी पहल l पूरे उत्तर प्रदेश में 'वंदे मातरम चौक' निर्माण की उठी मांग l
अमरोहा/लखनऊ। आज 23 मार्च, शहीद दिवस के पावन अवसर पर विश्व हिंदू महासंघ, उत्तर प्रदेश द्वारा अमर शहीद सरदार भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस गौरवमयी दिवस पर संगठन द्वारा पूरे प्रदेश में एक व्यापक मुहिम चलाई गई, जिसके अंतर्गत प्रत्येक जनपद में जिलाधिकारियों के माध्यम से सरकार तक 'वंदे मातरम चौक' के निर्माण की मांग पहुंचाई गई।
प्रत्येक जिले में बनेगा देशभक्ति का केंद्र
संगठन की मांग है कि प्रदेश के हर जिले में एक 'वंदे मातरम चौक' का निर्माण किया जाए। इस चौक पर सरदार भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु सहित देश की आजादी के लिए प्राण न्योछावर करने वाले अन्य क्रांतिकारियों की भव्य प्रतिमाएं स्थापित की जाएं। साथ ही, इन स्थलों को सुंदर वृक्षारोपण और साज-सज्जा के साथ एक 'देशभक्ति केंद्र' के रूप में विकसित किया जाए, ताकि आने वाली पीढ़ियां अपने नायकों के बलिदान से निरंतर प्रेरणा ले सकें।
मुरादाबाद मंडल में संगठन की सक्रियता
मुरादाबाद मंडल में यह अभियान प्रदेश मंत्री श्री अवनीश कुमार चौहान (गौ रक्षा प्रकोष्ठ) के कुशल निर्देशन में पूरी मजबूती से चलाया गया। मंडल के पांचों जिलों—मुरादाबाद, रामपुर, संभल, बिजनौर और अमरोहा में जिला अध्यक्षों ने संयुक्त रूप से जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर इस मांग को बुलंद किया। बिजनौर में जिलाध्यक्ष लव कुमार, मुरादाबाद में जिला अध्यक्ष अमन चौधरी, अमरोहा में जिला अध्यक्ष राहुल त्यागी,संभल में जिला अध्यक्ष महेश शर्मा,रामपुर में जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया गया l
गृह जनपद अमरोहा में प्रदेश मंत्री ने बढ़ाया कार्यकर्ताओं का उत्साह l
प्रदेश मंत्री श्री अवनीश कुमार चौहान का गृह जनपद होने के नाते, उन्होंने स्वयं अमरोहा में उपस्थित रहकर जिला कार्यकारिणी का निर्देशन किया। कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाते हुए श्री अवनीश कुमार चौहान ने कहा:
"आज शहीद दिवस पर विश्व हिंदू महासंघ उन महान बलिदानियों को नमन करते हुए सच्ची श्रद्धांजलि दे रहा है। हमारी सरकार से मांग है कि हर जनपद में 'वंदे मातरम चौक' के रूप में एक ऐसा केंद्र बने जहाँ युवा पीढ़ी के भीतर राष्ट्रवाद की भावना जागृत हो सके। शहीदों की प्रतिमाओं और हरियाली से सुसज्जित ये चौक केवल निर्माण नहीं, बल्कि हमारी भावी पीढ़ियों के लिए देशभक्ति की पाठशाला होंगे।"
संगठन ने स्पष्ट किया कि यह मुहिम राष्ट्र के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का एक माध्यम है और शासन-प्रशासन को जल्द से जल्द इस दिशा में उचित कदम उठाने चाहिए।