logo
Select Language
Hindi
Bengali
Tamil
Telugu
Marathi
Gujarati
Kannada
Malayalam
Punjabi
Urdu
Oriya

वंडर बॉक्स आधारित प्रशिक्षण का शुभारंभ, आंगनवाड़ी बच्चों के लिए संसाधन सुदृढ़ होंगे

शाहजहांपुर।
बालवाटिका (आंगनवाड़ी) में नामांकित 3 से 6 वर्ष के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पूर्व प्राथमिक शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से वंडर बॉक्स आधारित जनपद स्तरीय प्रशिक्षण का शुभारंभ सोमवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के सभागार में किया गया। यह वंडर बॉक्स आईआईटी गांधीनगर द्वारा विकसित किया गया है।

प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रत्येक विकासखंड से दो एआरपी एवं दो आंगनवाड़ी सुपरवाइजरों ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए एसआरजी अश्वनी कुमार ने पूर्व प्राथमिक शिक्षा की सार्वभौमिकता पर जोर देते हुए कहा कि वर्तमान वैश्विक परिदृश्य में केवल ज्ञान ही नहीं, बल्कि मौलिक सोच और नवाचार ही वास्तविक शक्ति है।

एसआरजी ममता शुक्ला ने 3 से 6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के लिए तैयार गतिविधियों को समूह कार्य के माध्यम से प्रतिभागियों को कराया। वहीं एसआरजी डॉ. अरुण कुमार गुप्ता ने स्कूल रेडिनेस कार्यक्रम के संचालन और 52 सप्ताह के शैक्षणिक कैलेंडर की विस्तार से जानकारी दी।

प्रशिक्षण में एआरपी अमित दीक्षित, अतुल शुक्ला, धर्मेंद्र प्रताप सिंह, उपेंद्र तिवारी, सुशील गुप्ता, विष्णु शरण, विनय भट्ट, रामशंकर यादव, अनीता यादव, वीरपाल, स्नेहलता सहित आंगनवाड़ी सुपरवाइजर हिमांशु, वैशाली, कीरत आदि उपस्थित रहे।

जिला समन्वयक (प्रशिक्षण) रोहित सिंह ने बताया कि इस प्रशिक्षण के बाद जनपद स्तर पर तैयार मास्टर ट्रेनर ब्लॉक स्तर पर प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों में संचालित को-लोकेटेड आंगनवाड़ी केंद्रों के नोडल शिक्षकों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करेंगे। इससे पूर्व प्राथमिक शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद है।

12
1531 views

Comment