पहली ही पोस्टिंग में रिश्वतखोरी का दाग: मुख्यमंत्री से नियुक्ति पत्र पाने वाला MO ACB के हत्थे चढ़ा
नौकरी के एक साल के भीतर ही भ्रष्टाचार में लिप्त मिला अधिकारी, घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
पिछले वर्ष मुख्यमंत्री के हाथों नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाला मेडिकल ऑफिसर (MO) अपनी पहली ही पोस्टिंग में भ्रष्टाचार के मामले में फंस गया। एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने उसे घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
बताया जा रहा है कि अधिकारी पर लंबे समय से रिश्वत लेने की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद ACB ने जाल बिछाकर कार्रवाई की। जैसे ही आरोपी ने रिश्वत की रकम ली, टीम ने मौके पर ही उसे दबोच लिया।
इस घटना ने सरकारी व्यवस्था और नियुक्ति प्रक्रिया पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जहां युवा अधिकारियों से ईमानदारी और सेवा की उम्मीद की जाती है, वहीं इतनी जल्दी भ्रष्टाचार के मामले सामने आना चिंता का विषय है।
अब सवाल यह उठ रहा है कि आखिर ऐसी क्या मजबूरी या लालच रहा होगा, जिसने एक नए अधिकारी को इतने कम समय में ही इस रास्ते पर ला खड़ा किया। ACB आगे की जांच में जुटी है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।