बेमौसम बारिश से वाराणसी अंचल के किसान बेहाल, गेहूं-सरसों की फसल को भारी नुकसान
वाराणसी। वाराणसी अंचल में हुई बेमौसम बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। तेज हवा और बारिश के चलते खेतों में तैयार खड़ी गेहूं और सरसों की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। फसल गिरने और भीगने से किसान मायूस नजर आ रहे हैं। कटाई के ठीक पहले मौसम की मार पड़ने से उत्पादन और गुणवत्ता दोनों पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
किसानों का कहना है कि गेहूं की फसल पूरी तरह पककर कटाई के लिए तैयार थी, लेकिन अचानक बदले मौसम ने उम्मीदों को बड़ा झटका दे दिया। कई जगहों पर गेहूं की बालियां झुक गई हैं, जबकि सरसों की फसल भी बारिश और तेज हवा से प्रभावित हुई है।
क्षेत्र के किसान देवी पाल ने बताया कि बड़ी मेहनत और लागत से फसल तैयार की गई थी, लेकिन बेमौसम बारिश ने सब चौपट कर दिया। उन्होंने कहा कि अब उपज घटने के साथ दाने की गुणवत्ता पर भी असर पड़ेगा, जिससे बाजार में उचित दाम मिलना मुश्किल हो जाएगा।
वहीं किसान रामनरेश राजभर ने कहा कि पहले ही खेती की लागत लगातार बढ़ रही है। खाद, बीज और सिंचाई में खर्च बढ़ने से किसान परेशान हैं, ऊपर से बारिश ने रही-सही उम्मीद भी तोड़ दी। उन्होंने प्रशासन से फसल क्षति का सर्वे कराकर मुआवजा देने की मांग की।
किसान रमेश पाल ने बताया कि सरसों और गेहूं दोनों फसलें इस बारिश से प्रभावित हुई हैं। उनका कहना है कि यदि समय रहते सरकारी सहायता नहीं मिली, तो किसानों के सामने आर्थिक संकट और गहरा जाएगा।
कृषि जानकारों के अनुसार, इस तरह की बेमौसम बारिश से फसल की पैदावार और गुणवत्ता दोनों प्रभावित होती हैं। ऐसे में प्रशासन को जल्द से जल्द नुकसान का आकलन कर प्रभावित किसानों को राहत उपलब्ध करानी चाहिए।
बारिश से हुए नुकसान के बाद वाराणसी अंचल के किसान अब सरकार और प्रशासन से मदद की आस लगाए बैठे हैं। बेमौसम बारिश ने एक बार फिर किसानों की चिंता बढ़ा दी है।