फतेहपुर में “ट्रैक्टर बदलकर केस पलटने” का सनसनीखेज मामला, दरोगा प्रज्ज्वल उपाध्याय निलंबित
फतेहपुर, संवाददाता।
जनपद में पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि एक मामले की जांच के दौरान साक्ष्यों से छेड़छाड़ कर ट्रैक्टर बदलकर केस की दिशा ही पलटने की कोशिश की गई। मामला उजागर होने के बाद पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने कड़ा रुख अपनाते हुए संबंधित दरोगा प्रज्ज्वल उपाध्याय को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक प्रकरण में जब्त किए गए ट्रैक्टर को बदलकर दूसरे वाहन को प्रस्तुत करने की साजिश रची गई। इस कथित हेरफेर के जरिए केस को प्रभावित करने का प्रयास किया गया, जिससे न्यायिक प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े हो गए। मामले की शिकायत उच्चाधिकारियों तक पहुंचने के बाद जांच कराई गई, जिसमें प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए गए।
एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत कार्रवाई की और दरोगा को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार या साक्ष्यों से छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों को भी सख्त संदेश गया है कि ड्यूटी में लापरवाही या गलत कार्यों में संलिप्तता पर कड़ी कार्रवाई तय है।
वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के मामलों से पुलिस की छवि धूमिल होती है और निष्पक्ष जांच पर सवाल उठते हैं। अब सबकी निगाहें विभागीय जांच पर टिकी हैं, जिससे सच्चाई पूरी तरह सामने आ सके।
फिलहाल, पुलिस प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई को एक सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है, लेकिन बड़ा सवाल यही है कि आखिर साक्ष्यों से छेड़छाड़ का यह खेल कब तक चलता रहेगा?