8 साल से लापता पति, 5 बच्चों का बोझ झेल रही मीना ठाकुर के लिए फरिश्ता बना जिला प्रशासन, जिलाधिकारी सविन बंसल
8 साल से लापता पति, 5 बच्चों का बोझ झेल रही मीना ठाकुर के लिए फरिश्ता बना जिला प्रशासन, जिलाधिकारी सविन बंसल
उत्तराखंड देहरादून
👉जनपद में असहाय, पीड़ित एवं जरूरतमंद नागरिकों की सहायता के प्रति जिला प्रशासन निंरतर संवेदनशीलता से कार्य कर रहा है। जिलाधिकारी के मानवीय हस्तक्षेप से विपरीत परिस्थितियों से जूझ रही 5 बच्चों की माता मीना ठाकुर एवं 2 बच्चों की माता परित्यक्ता अमृता जोशी को 1-1 लाख की धनराशि सीएसआर फंड से प्रदान की गई है। जिलाधिकारी के निर्देश पर उप जिलाधिकारी न्याय कुमकुम जोशी ने प्रकरणों पर जांच जिलाधिकारी को रिपोर्ट सौंपी।
प्रकरण-1 सुद्दोवाला निवासी मीना ठाकुर ने जिलाधिकारी से मिलकर अपनी पीड़ा साझा की। उन्होंने बताया कि उनके पति पिछले लगभग आठ वर्षों से लापता हैं, जिनका अब तक कोई पता नहीं चल पाया है। ऐसी परिस्थिति में मीना ठाकुर पर अपने पांच बच्चों के लालन-पालन, शिक्षा और भरण-पोषण की पूरी जिम्मेदारी आ गई है। आर्थिक रूप से कमजोर स्थिति के कारण वह किराये के मकान में रहकर बड़ी कठिनाई से अपने परिवार का गुजर-बसर कर रही हैं।
मीना ठाकुर के परिवार में 4 बेटियां तथा 1 बेटा व 2 दिव्यांग बेटी है। बच्चों की शिक्षा तथा परिवार की दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति करना उनके लिए अत्यंत चुनौतीपूर्ण हो गया था। विशेष रूप से दिव्यांग बेटी के देखभाल एवं उपचार की जिम्मेदारी के कारण आर्थिक दबाव और अधिक बढ़ गया था। मीना ठाकुर की समस्या को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने सीएसआर (कॉर्पाेरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) फंड से 01 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए, जो सीधे उनके बैंक खाते में हस्तांतरित कर दी गई।
👉जिलाधिकारी द्वारा प्रदान की गई इस सहायता राशि से मीना ठाकुर अब स्वरोजगार के माध्यम से कोई छोटा-मोटा व्यवसाय प्रारंभ कर अपने परिवार के भरण-पोषण के लिए स्थायी आय का स्रोत विकसित कर सकेंगी ✍️