कासगंज पटियाली से बड़ी खबर
*कासगंज पटियाली से बड़ी खबर*
*तहसीलदार का पेशकार 25 हजार रुपए घूस लेते गिरफ्तारः कासगंज में एंटी करप्शन की टीम ने दबोचा, वारिस का नाम दर्ज कराने के लिए रिश्वत की मांग*
कासगंज के पटियाली तहसील में मंगलवार को एंटी करप्शन टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तहसीलदार के पेशकार को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से तहसील परिसर में हड़कंप मच गया और कर्मचारियों के बीच काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
फौती के नाम पर मांगे जा रहे थे 25 हजार रुपएजानकारी के अनुसार तहसीलदार के पेशकार बृजेश यादव फौती कराने के नाम पर 25 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहे थे। पीड़ित ने इसकी शिकायत एंटी करप्शन टीम से की थी। शिकायत की जांच के बाद टीम ने जाल बिछाकर आरोपी को पकड़ने की योजना बनाई।
*पुलिस के गिरफ्तार में आरोपी बृजेश यादव।*
रंगे हाथों दबोचा गया आरोपी
*मंगलवार को जैसे ही बृजेश यादव ने शिकायतकर्ता से 25 हजार रुपये की रिश्वत ली, एंटी करप्शन टीम ने मौके पर ही उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। टीम की इस कार्रवाई से तहसील परिसर में अचानक हलचल मच गई और बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए।अलीगढ़ टीम ने की कार्रवाई*
बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई अलीगढ़ एंटी करप्शन टीम के प्रभारी देवेंद्र सिंह के नेतृत्व में की गई। टीम पहले से ही पूरे मामले पर नजर बनाए हुए थी और सही समय का इंतजार कर रही थी।
*एंटी करप्शन टीम ने आरोपी रंगे हाथों पकड़ा।*
*पटियाली कोतवाली ले जाया गया आरोपी*
गिरफ्तारी के बाद एंटी करप्शन टीम आरोपी पेशकार बृजेश यादव को अपने साथ पटियाली कोतवाली ले गई, जहां उससे पूछताछ की जा रही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।राजस्व विभाग में जब किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसकी जमीन या संपत्ति को उसके वारिसों के नाम दर्ज किया जाता है, तो इस प्रक्रिया को फौती कहा जाता है। इसी फौती दर्ज कराने के नाम पर तहसीलदार के पेशकार बृजेश यादव पर 25 हजार रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप लगा, जिसके बाद एंटी करप्शन टीम ने कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।