नागपूर की महिला सर्प मित्र श्रीमती चैताली भस्मे ने विषेले नाग से नागरिको की बचाई जान
*महिला सर्पमित्र ने बचाये फिरसे विषैले नाग से नागरिकोंके प्राण* महिला दिवस की पूर्व संध्या श्याम के ठीक ७:३० बजे नागपुर के मणिशंगर स्थित सिक्युरिटी गार्ड मोरेश्वर उताने के घर में जो को एक ही छोटा सा कमरा जिसमें वो अपनी पत्नी तथा दो बच्चों के साथ गुजारा करते है उन्हें एक बड़ा काला साप फूलों की क्यारी से होतेहुए उनके बेड के नीचे जाते हुए दिखाई दिया उन्होंने तुरंत अपने मालिक को सूचना दी प्रणीति कांबले घर मालकिन ने कॉलोनी के ठाकरे नामक व्यक्ति से सर्पमित्र चैताली का नम्बर लिया जो कि कॉलोनी में सभी लोगों घर में साप को सुरक्षित रेस्क्यू कर चुकी थी तो नागरिकों ने चैताली का नंबर दिया प्रनोती कांबले के फोन करनेपर तुरंत चैताली साप को रेस्क्यू करने पहुंच गई.. लेकिन एक ही दस बाय दस का रूम था जिसमें परिवार के चार सदस्य सिक्योरिटी गार्ड उनकी पत्नी शालिनी उताने और उनके दो बच्चे ,,साथ ही रूम में काफीसारा घर का सामान पड़ा था घर में पांव तक रखने की जगह नहीं थी ऐसे में साप को बेड से बाहर निकालना मतलब जान की जोखिम लेना था भरी मात्रा में घर का सामान होने की वजह से साप बेड के नीचे कौनसी दिशा में गया होगा ये पहचानपाना मुश्किल था सभी लोग काफी डरे हुए थे रूम के अंदर जाकर सारा सामान हटाने की किसीको हिम्मत नहीं हो पाई फिर नागरिकों की डरी हुई हालत देखकर चैताली ने रूम के अंदर जाकर एक एक समान को बाहर निकालकर घर को खाली किया नागरिकों ने भी काम में मदत की समान के हटने पर बेड के कोने में लगभग पांच से साढ़ेपांच फिट लंबा जहरीला भारतीय नाग दिखाई दिया जो कि बहुत गुस्से में था और आक्रमण कर रहा था बेड काफी छोटा था और सांप बेड के कोने में जाकर बेड के पाव को मजबूत कुंडली मारकर बैठ गया और बाहर निकालनेका नाम नहीं लेहरा था एक डेढ़ घंटे की पूरी मशक्कत करने के बाद साप सुरक्षित पकड़ में आगया और नागरिकों तथा घर के लोगों ने राहत की सास ली पारीवार के चार लोगोंकी जान को खतरा हो सकता था लेकिन समय पर पहुंचकर चैताली ने साप को सुरक्षित रेस्क्यू किया सभी लोगों ने सर्पमित्र चैताली को धन्यवाद किया.. चैताली ने नागरिकों को सावधान और सतर्क रहने का आवाहन किया और बताया कि गर्मी के कारण वन्यजीव तथा सांप ठंड की तलाश में आपके घर के आसपास पानी के मटके के पास ,फूलों की क्यारी में जहां ठंडी मिट्टी हो वहां आजाते है और अपने भोजन की तलाश करते है इसलिए अपने घर में या आसपास कूड़ा कचरा न रखें ताकि चूहे ना आए और चूहों के लिए साप ना आए ..साप को सुरक्षित रेस्क्यू करके दूर पर्यावरण में आजाद कर दिया