टिहरी लेक फेस्टिवल 2026 में ‘हिमालयन ओ–2’ की हरित थीम: पर्यटन के साथ पर्यावरण संरक्षण का सशक्त संदेश
राष्ट्रीय खेलों की तर्ज पर टिहरी लेक फेस्टिवल को भी पर्यावरण थीम से जोड़ा गया, मुख्यमंत्री धामी बोले—हर बड़े आयोजन के साथ बढ़ेगी पर्यावरण जागरूकता
टिहरी गढ़वाल | 7 मार्च 2026। केदारसिंह चौहान 'प्रवर'
टिहरी में आयोजित टिहरी लेक फेस्टिवल–2026 इस बार केवल पर्यटन और साहसिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का मजबूत संदेश भी दिया जा रहा है। इस वर्ष पहली बार फेस्टिवल के नाम के साथ “हिमालयन ओ–2” जोड़ा गया है, जिससे हिमालय और पर्यावरण संरक्षण की भावना को प्रमुखता दी जा रही है।
पर्यटन के इस बड़े आयोजन में पर्यावरण की थीम को जोड़कर राज्य सरकार ने यह संदेश देने का प्रयास किया है कि विकास और पर्यटन के साथ-साथ प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को भी समान महत्व दिया जाना चाहिए।
पहली बार फेस्टिवल के नाम में जोड़ा गया ‘हिमालयन ओ–2’
इस बार फेस्टिवल का आधिकारिक नाम “हिमालयन ओ–2 टिहरी लेक फेस्टिवल” रखा गया है। इस नाम के माध्यम से हिमालयी क्षेत्र में पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और हरित जीवनशैली के महत्व को रेखांकित किया जा रहा है।
जिलाधिकारी टिहरी नितिका खंडेलवाल के अनुसार, फेस्टिवल की रूपरेखा तैयार करते समय यह विचार सामने आया कि पर्यटन गतिविधियों के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति जागरूकता भी बढ़ाई जाए। इसी उद्देश्य से फेस्टिवल के नाम में “हिमालयन ओ–2” जोड़ा गया है।
बड़े आयोजनों के साथ पर्यावरण संदेश
उत्तराखंड सरकार अब अपने हर बड़े आयोजन के साथ पर्यावरण संरक्षण की थीम को जोड़ रही है। वर्ष 2025 में आयोजित राष्ट्रीय खेलों की थीम भी पर्यावरण पर आधारित थी, जिसकी देशभर में काफी सराहना हुई थी।
राष्ट्रीय खेलों के दौरान हरित वन स्थापित करने, पर्यावरण अनुकूल मेडल और विभिन्न गतिविधियों में पर्यावरण संरक्षण को विशेष रूप से शामिल किया गया था। उसी तर्ज पर अब टिहरी लेक फेस्टिवल में भी हरित सोच को प्रमुखता दी जा रही है।
पर्यावरण संरक्षण को लेकर सरकार गंभीर
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि पर्यावरण को लेकर देश और दुनिया में बढ़ती चिंता के बीच जागरूकता बढ़ाना बेहद जरूरी है। उत्तराखंड हिमालयी राज्य होने के कारण पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी और भी अधिक है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बड़े आयोजनों के माध्यम से लोगों में पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता का संदेश देने का प्रयास कर रही है।
टिहरी लेक फेस्टिवल–2026 के माध्यम से भी पर्यटन के साथ-साथ हरित सोच और पर्यावरणीय संतुलन का संदेश व्यापक स्तर पर दिया जा रहा है।