हर साल की तरह इस साल भी जी एन बाबू मस्जिद में क़ुरआन मुकम्मल की गई।
जी एन बाबू माजिद में आज तरावीह में क़ुरान मुकम्मल की गई रमजान की शुरुआत से लोग ईशा की नमाज़ के बाद तरावीह पढ़ते हैं जिसमें हाफ़िज़ लोग क़ुरान की तिलावत करके लोगों को सुनाते हैं मस्जिद में बड़े छोटे सभी एक साथ नमाज़ को पढ़ते हैं जब क़ुरआन मुकम्मल होती है तो सभी लोग मिलकर हाफ़िज़ की हौसला अफ़ज़ाई करते हैं और उनको नज़राने पेश करते हैं लोगों में मिठाइयाँ बाँटी जाती हैं और दुआएँ की जाती हैं। मस्जिद के कमिटी के लोग भी बढ़ चढ़ कर हाफ़िज़ और मौलाना की खातिर और हौसला अफ़ज़ाई करते हैं। इसी क्रम में आज जियन बाबू मस्जिद में लोगों ने क़ुरान को सुना और दुआएँ की और पढ़ाने वाले हाफ़िज़ और मौलाना और उनके सहयोगियों को उपहार भी भेंट किया गया।
पढ़ाने वाले हाफ़िज़ परवेज़, मौलाना आरिफ, मौलाना शफी मोहम्मद, मौलाना अनस आदि लोगों की हौसला अफ़ज़ाई की गई और साथ में कमेटी के लोगों ने भी बहुत साथ दिया। अशहर, आमिर, जमाल, शाहिर, निजामुद्दीन (भोला ), तनवीर, सदफ, रज़्ज़ाक, तारिक़, मुशताक आदि लोगों ने भी बहुत बढ़ चढ़ कर मेहनत किया।