राजेंद्र सरोवर पार्क में दोल उत्सव की धूम, रंग और संस्कृति का अद्भुत संगम
धनबाद: Rajendra Sarovar Park (बेकार बांध) में रविवार को चंदन स्टूडियो द्वारा अष्टम वर्ष “दोल उत्सव” का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बंगाली समुदाय की सांस्कृतिक विरासत और वसंतोत्सव की परंपरा को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया।
दोल उत्सव की परंपरा Visva-Bharati University से जुड़ी है, जिसकी स्थापना Rabindranath Tagore ने की थी। वहां वर्षों से वसंतोत्सव संगीत, नृत्य और रंगों के साथ मनाया जाता है। इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए चंदन स्टूडियो पिछले आठ वर्षों से धनबाद में इस सांस्कृतिक आयोजन का आयोजन कर रहा है।
कार्यक्रम में वार्ड 25 की पार्षद प्रिया रंजन, डॉ. शर्मिला बनर्जी, गोपाल भट्टाचार्य, कंचन दे, रीना मंडल, आशीष मंडल और तपन राय सहित कई विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। अतिथियों का स्वागत बच्चों ने फूल और हर्बल गुलाल से किया, जिससे पूरा वातावरण वसंत के रंगों से सराबोर हो उठा।
कार्यक्रम की शुरुआत रवींद्र संगीत “ओरे गृहोबासी” पर पार्क परिक्रमा नृत्य से हुई। इसके बाद शहर के विभिन्न नृत्य विद्यालयों के बच्चों और छात्राओं ने रवींद्र नृत्य एवं वसंत आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।
लगभग 500 से अधिक लोगों की उपस्थिति में महिलाओं और बच्चों ने पीले परिधानों और पलाश पुष्पों के साथ हर्बल गुलाल से होली खेली। आयोजन के दौरान लकी ड्रॉ भी रखा गया, जिसमें प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया।
मंच संचालन शिल्पी घोष और संचिता मजूमदार ने किया। अंत में रवींद्र संगीत “रांगिए दिए जाओ” पर सामूहिक नृत्य के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। आयोजन को सफल बनाने में समन्वयकों और प्रोडक्शन टीम की अहम भूमिका